जैसलमेर में पारा 45.9 पार! राजस्थान के अधिकांश शहरों में भीषण गर्मी का टॉर्चर, मौसम विभाग की बड़ी चेतावनी

राजस्थान में भीषण गर्मी और हीटवेव का प्रकोप बढ़ गया है, जहां जैसलमेर में पारा 45.9 डिग्री तक पहुंच गया है. मौसम विभाग के अनुसार, 25 मई को पूरे राज्य में मौसम शुष्क रहेगा और बारिश की कोई संभावना नहीं है. कई जिलों में हीटवेव का येलो अलर्ट जारी किया गया है.

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राजस्थान में अब गर्मी की चेतावनी.

न्यूज तक डेस्क

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राजस्थान में मौसम ने एक बार फिर अपना उग्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है. मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर द्वारा जारी ताजा बुलेटिन के अनुसार, पिछले 24 घंटों में राज्य के कुछ हिस्सों में मामूली बूंदाबांदी भले ही दर्ज की गई हो, लेकिन अधिकांश इलाकों को भीषण गर्मी, ऊष्ण रात्रि (गर्म रातें) और धूल भरी तपती हवाओं का सामना करना पड़ा है. थार के रेगिस्तान में स्थित जैसलमेर 45.9 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान के साथ राज्य का सबसे गर्म इलाका रहा, जबकि सीकर का फतेहपुर 22.4 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान के साथ सबसे ठंडा दर्ज किया गया.

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मौसम विभाग के मुताबिक, हवा में आर्द्रता की मात्रा न्यूनतम 7 से अधिकतम 65 प्रतिशत के बीच बनी हुई है, जिससे उमस और शुष्कता का मिलाजुला असर देखने को मिल रहा है. आइए सिलसिलेवार तरीके से जानते हैं कि 25 मई को राजस्थान का मौसम कैसा रहने वाला है और अलग-अलग जिलों में पारे की क्या स्थिति है.

25 मई को कैसा रहेगा राजस्थान का मौसम?

मौसम केंद्र जयपुर के पूर्वानुमान के अनुसार, 25 मई को पूरे राजस्थान में मौसम पूरी तरह से शुष्क रहने की संभावना है. राज्य के दोनों हिस्सों यानी पश्चिमी राजस्थान और पूर्वी राजस्थान में बारिश की कोई संभावना नहीं है और आसमान साफ रहेगा. हालांकि, मौसम शुष्क रहने के साथ ही तेज गति से धूल भरी हवाएं (20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटा) चलेंगी, जिससे राहगीरों और खुले में काम करने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं. विभाग ने चेतावनी दी है कि आगामी 3-4 दिनों में राज्य के अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की और बढ़ोतरी होने की प्रबल आशंका है, जिससे आने वाले दिनों में तपिश और अधिक बढ़ जाएगी.

जिलों में तापमान का हाल: कहां कितनी तप रही है धरती

पश्चिमी राजस्थान के रेतीले इलाकों में गर्मी का सबसे तीखा असर देखा जा रहा है. जैसलमेर में अधिकतम तापमान 45.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है, जो सामान्य से 3.4 डिग्री अधिक है. इसके साथ ही फलोदी में पारा 45.0 डिग्री, बाड़मेर में 45.1 डिग्री, बीकानेर में 44.9 डिग्री और श्रीगंगानगर में 44.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है. चूरू में अधिकतम तापमान 42.9 डिग्री, लूणकरनसर में 42.8 डिग्री, नागौर में 42.5 डिग्री और जालोर में 40.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ है.

पूर्वी राजस्थान और संभाग मुख्यालयों की बात करें तो वनस्थली में पारा 44.1 डिग्री और पिलानी में 44.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है. चित्तौड़गढ़ में अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री और कोटा में 43.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है. राजधानी जयपुर में भी गर्मी के तेवर कड़े हैं, जहां तापमान 42.6 डिग्री सेल्सियस मापा गया है. इसके अलावा भीलवाड़ा में 42.3 डिग्री, दौसा में 42.2 डिग्री, डबोक (उदयपुर) में 41.9 डिग्री, पाली में 41.7 डिग्री, अजमेर में 41.6 डिग्री, झुंझुनूं में 41.1 डिग्री और अलवर व जवाई डैम में 41.0 डिग्री सेल्सियस पारा दर्ज किया गया है. वहीं, राज्य के एकमात्र पहाड़ी पर्यटन स्थल माउंट आबू में तापमान थोड़ा राहत भरा यानी 31.2 डिग्री सेल्सियस बना हुआ है.

इन जिलों के लिए जारी हुई 'हीटवेव' की चेतावनी

मौसम विभाग ने 25 मई के लिए राज्य के कई जिलों में 'ऊष्ण लहर' (Heatwave) को लेकर 'येलो अलर्ट' जारी किया है. पूर्वी राजस्थान के अलवर, बारां, भरतपुर, चित्तौड़गढ़, दौसा, डीग, धौलपुर, झालावाड़, झुंझुनूं, करौली, खैरथल-तिजारा, कोटा, कोटपुतली-बहरोड़ और सवाई माधोपुर जिलों में तीव्र गर्म हवाएं (हीटवेव) चलने की आशंका है.

वहीं, पश्चिमी राजस्थान के बालोतरा, बाड़मेर, बीकानेर, चूरू, हनुमानगढ़, जैसलमेर, जोधपुर, फलौदी और श्रीगंगानगर जिलों में भी सूर्यदेव के तीखे तेवर देखने को मिलेंगे और यहां भी ऊष्ण लहर का प्रकोप जारी रहेगा.

इसके विपरीत अजमेर, बांसवाड़ा, ब्यावर, भीलवाड़ा, बूंदी, डूंगरपुर, जयपुर, नागौर, पाली, प्रतापगढ़, राजसमंद, सलूम्बर, सीकर, सिरोही, टोंक और उदयपुर जैसे जिलों के लिए फिलहाल हीटवेव की कोई विशेष चेतावनी जारी नहीं की गई है, हालांकि यहां भी मौसम शुष्क और गर्म बना रहेगा.

आगे क्या? जून के पहले सप्ताह में मिलेगी राहत

मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के अनुसार, गर्मी का यह सितम अभी कुछ दिन और जारी रहने वाला है. विशेषकर 26 और 27 मई को पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों में अधिकतम तापमान 46 से 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने और कहीं-कहीं 'तीव्र हीटवेव' (Severe Heatwave) चलने की प्रबल संभावना है.

हालांकि, राहत की बात यह है कि 28-29 मई से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय होने जा रहा है. इस नए मौसम तंत्र के प्रभाव से राज्य के कुछ भागों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने और कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ बारिश का दौर शुरू होने की उम्मीद है. इस बदलाव के कारण अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आएगी. आंधी और बारिश की यह गतिविधियां जून के पहले सप्ताह में भी जारी रहने की संभावना है, जिससे आमजन को चिलचिलाती धूप से बड़ी राहत मिल सकती है.

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