Anant Singh vs Neeraj Kumar: विवाद सुलझाने की जिम्मेदारी Lalan Singh को, Sanjay Jha ने साफ कर दिया रास्ता

न्यूज तक

• 01:13 PM • 02 Oct 2026

पटना स्नातक MLC चुनाव में अनंत सिंह के नीरज कुमार के खिलाफ खड़े होने से JDU के अंदर खींचतान बढ़ी है. अब संजय झा ने कहा है कि इस मामले को ललन सिंह बातचीत के जरिए सुलझाएंगे.

Anant Singh vs Neeraj Kumar
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बिहार की राजनीति में इन दिनों विधानसभा से ज्यादा चर्चा पटना स्नातक MLC सीट की हो रही है. वजह है JDU के अंदर सामने आई अनंत सिंह और नीरज कुमार की खींचतान. अनंत सिंह ने पार्टी के उम्मीदवार नीरज कुमार के खिलाफ खुलकर मोर्चा खोल दिया है और जन सुराज के अनुज सिंह के समर्थन का ऐलान कर चुके हैं. अब इस पूरे विवाद पर JDU के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा का बयान सामने आया है.

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संजय झा ने साफ कहा है कि अनंत सिंह और नीरज कुमार के बीच के विवाद को सुलझाने की जिम्मेदारी केंद्रीय मंत्री ललन सिंह को दी गई है. उनके मुताबिक, यह मामला ललन सिंह के संसदीय क्षेत्र से जुड़ा हुआ है, इसलिए पार्टी ने उनसे बातचीत कर रास्ता निकालने को कहा है.

नीरज कुमार के खिलाफ अनंत सिंह ने खोला मोर्चा

पटना स्नातक सीट पर JDU ने एक बार फिर नीरज कुमार को मैदान में उतारा है. इसके बाद अनंत सिंह ने नीरज कुमार की उम्मीदवारी का विरोध कर दिया. इतना ही नहीं, वह जन सुराज के उम्मीदवार डॉ. अनुज सिंह के नामांकन में भी पहुंचे और उनके समर्थन का ऐलान किया. अनंत सिंह का कहना है कि नीरज कुमार के साथ उनका पुराना विवाद है. उन्होंने यह भी कहा है कि वह अनुज सिंह के लिए प्रचार करेंगे. इस घटनाक्रम ने इसलिए ज्यादा ध्यान खींचा क्योंकि अनंत सिंह खुद JDU के विधायक हैं और नीरज कुमार पार्टी के वरिष्ठ नेता और MLC हैं.

अब ललन सिंह की होगी एंट्री

यही सवाल अब सबसे ज्यादा चर्चा में है कि आखिर JDU इस टकराव को किस तरह संभालती है. संजय झा के मुताबिक, पार्टी ने केंद्रीय मंत्री ललन सिंह से इस मामले पर बात की है और उनसे विवाद को बातचीत के जरिए सुलझाने को कहा गया है. संजय झा ने कहा कि यह ललन सिंह के क्षेत्र से जुड़ा मामला भी है, इसलिए उन्हें इस मामले में जिम्मेदारी दी गई है. उनका मानना है कि बातचीत से इसका रास्ता निकल सकता है.

पार्टी कार्रवाई करेगी या मामला बातचीत से सुलझेगा?

अनंत सिंह के जन सुराज उम्मीदवार के समर्थन में खुलकर आने के बाद एक बड़ा सवाल यह भी है कि इसे JDU किस रूप में देखती है. क्या यह पार्टी अनुशासन का मामला बनेगा या फिर इसे अनंत सिंह और नीरज कुमार के बीच व्यक्तिगत विवाद मानकर बातचीत से सुलझाने की कोशिश होगी? हालांकि, अनंत सिंह की ओर से यह भी कहा गया है कि स्नातक-शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र का चुनाव सामान्य विधानसभा चुनाव जैसा पार्टी के चुनाव चिन्ह पर नहीं लड़ा जाता. वहीं, पार्टी स्तर पर इस घटनाक्रम को लेकर क्या फैसला होगा, यह अलग सवाल है.

क्यों अहम है पटना स्नातक सीट?

पटना स्नातक सीट पर इस बार मुकाबला खासा दिलचस्प हो गया है. JDU ने नीरज कुमार को उम्मीदवार बनाया है, जबकि जन सुराज ने डॉ. अनुज सिंह को मैदान में उतारा है. अनंत सिंह के अनुज सिंह के समर्थन में आने से मुकाबले में एक नया राजनीतिक एंगल जुड़ गया है. बिहार की आठ स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए 23 अक्टूबर को मतदान होना है और मतगणना 27 अक्टूबर को होगी. अब नजर इस बात पर है कि ललन सिंह की बातचीत के बाद अनंत सिंह और नीरज कुमार के बीच चल रही खींचतान का क्या रास्ता निकलता है और JDU इस पूरे घटनाक्रम को किस तरह संभालती है.