Cabinet Meeting: छात्रों के लिए बड़ा फैसला, कुल 27 प्रस्तावों पर लगी मुहर, 47 पुलों और 55 सड़कों पर टोल की तैयारी

आशीष अभिनव

• 11:31 AM • 03 Sep 2026

बिहार सरकार की कैबिनेट बैठक में मंगलवार को 27 महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगी. बैठक में सड़क और पुल से लेकर शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्योग, शहरी विकास, पशुपालन और न्यायिक व्यवस्था से जुड़े कई अहम फैसले लिए गए.

Samrat Cabinet Meeting
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बिहार सरकार की कैबिनेट बैठक में 27 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई. इनमें सबसे ज्यादा चर्चा राज्य की सड़कों और बड़े पुलों पर टोल वसूली की तैयारी को लेकर रही. इसके अलावा शिक्षा, स्वास्थ्य, शहरी विकास, पशुपालन और न्यायिक व्यवस्था से जुड़े कई बड़े फैसले भी लिए गए. राज्य सरकार ने बड़े पुलों और महत्वपूर्ण सड़कों पर टोल वसूलने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है. इसके लिए सलाहकार कंपनी की सेवाएं लेने की मंजूरी दी गई है. इस काम पर करीब 30.95 करोड़ रुपये खर्च होंगे.

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कैबिनेट बैठक में क्या रहा खास? 

बिहार सरकार की कैबिनेट बैठक में मंगलवार को 27 महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगी. बैठक में सड़क और पुल से लेकर शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्योग, शहरी विकास, पशुपालन और न्यायिक व्यवस्था से जुड़े कई अहम फैसले लिए गए. कैबिनेट के फैसलों में सबसे ज्यादा चर्चा राज्य के बड़े पुलों और महत्वपूर्ण सड़कों पर टोल वसूली की तैयारी को लेकर है. सरकार ने इसके लिए सलाहकार कंपनी की सेवाएं लेने को मंजूरी दी है. इस पूरी प्रक्रिया पर करीब 30.95 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. सरकार ने पहले चरण में 250 मीटर से अधिक लंबे 47 पुलों और 55 राज्य उच्च पथों को टोल व्यवस्था के लिए चिन्हित किया है.टोल लागू करने से पहले इन रास्तों पर ट्रैफिक सर्वे कराया जाएगा. सर्वे के दौरान यह देखा जाएगा कि किस सड़क या पुल से कितने वाहन गुजरते हैं, वाहनों का आवागमन किस दिशा में ज्यादा है और टोल प्लाजा के लिए कौन सी जगह उपयुक्त होगी. इसके साथ ही फास्टैग आधारित टोल वसूली व्यवस्था विकसित करने की तैयारी भी है.

स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना को 5 साल का विस्तार

कैबिनेट ने छात्रों के लिए चल रही बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना को अगले पांच साल के लिए बढ़ाने का फैसला किया है. अब 2026-27 से 2030-31 तक छात्र इस योजना का लाभ ले सकेंगे. योजना के तहत विद्यार्थियों को 4 लाख रुपये तक का शिक्षा ऋण उपलब्ध कराया जाता है. सरकार का लक्ष्य उच्च शिक्षा के लिए छात्रों को आर्थिक मदद देना और ज्यादा से ज्यादा विद्यार्थियों को आगे की पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित करना है.

अरवल में मेडिकल कॉलेज के लिए मुफ्त जमीन

स्वास्थ्य क्षेत्र में भी कैबिनेट ने बड़ा फैसला लिया है. अरवल में मेडिकल कॉलेज और अस्पताल स्थापित करने के लिए 25 एकड़ सरकारी जमीन स्वास्थ्य विभाग को मुफ्त देने की मंजूरी दी गई है. इस फैसले से जिले में मेडिकल शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार का रास्ता साफ होगा.

बरौनी में 700 एकड़ जमीन से औद्योगिक क्षेत्र

उद्योग के क्षेत्र में भी सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. बेगूसराय के बरौनी में औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने के लिए 700 एकड़ सरकारी जमीन उद्योग विभाग को उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है. इसके अलावा मुजफ्फरपुर और सीवान में नए ग्रिड सब-स्टेशन के निर्माण के लिए जमीन हस्तांतरण को भी कैबिनेट की मंजूरी मिली है.

व्यवहार न्यायालयों में पदों का पुनर्गठन

न्यायिक व्यवस्था से जुड़े प्रस्ताव पर भी सरकार ने फैसला लिया है. राज्य के व्यवहार न्यायालयों में कर्मचारियों के पदों का पुनर्गठन किया जाएगा. इसके तहत ग्रेड-1, ग्रेड-2 और ग्रेड-3 के हजारों पदों को मंजूरी दी गई है.

पूर्णिया और गया में खुलेंगे नए आश्रय गृह

कैबिनेट ने पूर्णिया और गया में दो नए आश्रय गृह खोलने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है. इन आश्रय गृहों में दिव्यांग और मानसिक रूप से बीमार महिलाओं और पुरुषों के लिए व्यवस्था की जाएगी. वहीं, पटना संग्रहालय के रखरखाव और संचालन के लिए 40 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं.

नगर निकायों को मिलेंगे 9,169 करोड़ रुपये

शहरी विकास के क्षेत्र में भी कई फैसले लिए गए. 15वें वित्त आयोग की सिफारिश के तहत राज्य के नगर निकायों को 9,169 करोड़ रुपये दिए जाएंगे. इसके साथ ही मुख्यमंत्री समग्र शहरी विकास योजना को भी 2030-31 तक बढ़ाने की मंजूरी दी गई है.

पशुपालन क्षेत्र में भी कई प्रस्ताव मंजूर

कैबिनेट बैठक में पशुपालन से जुड़े कई प्रस्तावों को भी मंजूरी मिली है. इनमें महिला सहकारी संघ का गठन, हिफर पालन केंद्रों की स्थापना और पशु अस्पतालों का पुनर्गठन शामिल है. इन फैसलों के जरिए पशुपालन क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने और महिला सहकारिता को बढ़ावा देने की योजना है.

सीतामढ़ी में 110 करोड़ से ज्यादा का रेलवे ओवरब्रिज

कैबिनेट ने सीतामढ़ी में 110 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से रेलवे ओवरब्रिज बनाने का रास्ता भी साफ कर दिया है. कुल मिलाकर कैबिनेट के 27 फैसलों में बुनियादी ढांचे से लेकर शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्योग और शहरी विकास तक कई क्षेत्रों पर फोकस किया गया है. लेकिन इनमें 47 पुलों और 55 सड़कों पर टोल व्यवस्था की तैयारी वाला फैसला सबसे अहम माना जा रहा है.