बिहार के शिक्षकों की बढ़ी टेंशन! अब बच्चों को पढ़ाने के साथ-साथ करनी होगी 'कुत्तों की गिनती', जानें क्या है पूरा मामला

सासाराम नगर निगम ने स्कूलों को आवारा कुत्तों का डेटा जुटाने के लिए शिक्षकों को नोडल अधिकारी नियुक्त करने का आदेश दिया है, ताकि शहर में डॉग पाउंड योजना पर काम किया जा सके. हालांकि, गैर-शैक्षणिक कार्यों के बढ़ते बोझ के कारण शिक्षकों ने इस आदेश का कड़ा विरोध किया है और इसे बच्चों की शिक्षा में बाधा बताया है.

बिहार में टीचर्स की नई जिम्मेदारी
बिहार में टीचर्स की नई जिम्मेदारी

रंजन कुमार त्रिगुण

follow google news

बिहार में शिक्षकों की जिम्मेदारियों की फेहरिस्त पहले ही काफी लंबी थी लेकिन अब इसमें एक ऐसा काम जुड़ गया है जिसने शिक्षकों की नींद उड़ा दी है. सासाराम नगर निगम के एक ताजा आदेश के मुताबिक, अब शिक्षकों को अपने स्कूल परिसर और आसपास के इलाकों में आवारा कुत्तों की गिनती करनी होगी.

Read more!

क्या है नगर निगम का आदेश?

सासाराम नगर निगम ने क्षेत्र के सभी सरकारी और निजी स्कूलों को निर्देश जारी किया है कि वे आवारा कुत्तों से जुड़ी जानकारी एकत्र करने के लिए एक 'नोडल अधिकारी' नियुक्त करें. यह नोडल अधिकारी कोई और नहीं, बल्कि स्कूल का एक शिक्षक ही होगा. इस शिक्षक को स्कूल के आसपास मौजूद आवारा कुत्तों की संख्या उनकी स्थिति और उनके नियंत्रण के उपायों पर विस्तृत रिपोर्ट नगर निगम को सौंपनी होगी.

क्यों जरूरी है यह कदम?

नगर निगम के आयुक्त विकास कुमार का कहना है कि शहर में आवारा कुत्तों की बढ़ती समस्या को देखते हुए 'डॉग पाउंड' बनाने की योजना है. इसी के तहत सटीक डेटा जुटाने के लिए यह निर्देश जारी किया गया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षकों को सड़कों पर नहीं भेजा जा रहा है, बल्कि उन्हें सिर्फ एक नोडल के रूप में समन्वय (Coordinate) करना है ताकि संस्थानों में कुत्तों की समस्या का निराकरण हो सके.

शिक्षकों में भारी नाराजगी

इस आदेश के सामने आते ही शिक्षकों में खासा गुस्सा और चिंता देखी जा रही है. शिक्षकों का तर्क है कि वे पहले से ही जनगणना, चुनाव ड्यूटी, मतदाता सूची संशोधन और विभिन्न सरकारी सर्वे जैसे गैर-शैक्षणिक कार्यों के बोझ तले दबे हुए हैं. अब कुत्तों की गिनती और रिपोर्टिंग की नई जिम्मेदारी उनके मूल कार्य यानी बच्चों की पढ़ाई में बड़ी बाधा बनेगी. हालत यह है कि विभागीय कार्रवाई के डर से कई शिक्षक कैमरे के सामने बोलने से भी कतरा रहे हैं.

 

ये भी पढ़ें: RJD में फिर बढ़ा पारिवारिक विवाद, रोहिणी सिंह की नई सोशल मीडिया पोस्ट से सनसनी

    follow google news