EPFO का नया नियम, अब PF से 75% पैसा निकाल सकेंगे, 7 करोड़ लोगों को फायदा

न्यूज तक डेस्क

14 Oct 2025 (अपडेटेड: Oct 14 2025 10:56 AM)

EPFO New Rules: EPFO ने नया नियम बनाया है. अब कर्मचारी अपने पीएफ खाते से 75% पैसा निकाल सकते हैं, लेकिन 25% बैलेंस रखना होगा. यह नियम 7 करोड़ लोगों को फायदा देगा. शादी, पढ़ाई के लिए निकासी आसान होगी और क्लेम बिना कागजात के जल्दी मिलेगा.

EPFO New Rules
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EPFO New Rules: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने अपने 7 करोड़ से ज्यादा सदस्यों के लिए एक अच्छी खबर दी है. अब PF खाते से 75% पैसा आसानी से निकाल सकेंगे. बस खाते में 25% पैसा बचाकर रखना होगा. यह नया नियम केंद्रीय न्यासी बोर्ड (CBT) ने पास कर दिया है. साथ ही, पैसा निकालने की प्रक्रिया को और आसान कर दिया गया है. इससे कर्मचारियों को बहुत राहत मिलेगी. Personal Finance की इस सीरीज में हम आपको EPFO के नियम में हुए इस बदलाव की पूरी डिटेल बता रहे हैं.

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75% पैसा निकालने की सुविधा

यह फैसला केंद्रीय श्रम मंत्री मनसुख मंडाविया की अगुवाई में हुई बैठक में लिया गया. इसमें श्रम मंत्रालय की सचिव वंदना गुरनानी, राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे और EPFO आयुक्त रमेश कृष्णमूर्ति भी शामिल थे.

नए नियम के मुताबिक, कर्मचारी और कंपनी के हिस्से सहित पीएफ खाते में जमा 75% पैसा निकाला जा सकता है. बाकी 25% खाते में रहना जरूरी है. यह नियम कर्मचारियों को पैसों की जरूरत पूरी करने में मदद करेगा और रिटायरमेंट के लिए बचत भी बनी रहेगी.

पहले क्या था नियम?

पहले पूरा पैसा निकालने की इजाजत सिर्फ रिटायरमेंट या बेरोजगारी में मिलती थी. बेरोजगारी में एक महीने बाद 75% और दो महीने बाद बाकी 25% पैसा निकाला जा सकता था. रिटायरमेंट में एक बार में पूरा पैसा मिल जाता था. अब नए नियम ने इसे और आसान कर दिया है.

यह नियम क्यों फायदेमंद है?

श्रम मंत्रालय का कहना है कि यह नियम सभी EPFO सदस्यों के लिए राहत देगा. 25% पैसा खाते में रखने से 8.25% सालाना ब्याज मिलता रहेगा. साथ ही, यह पैसा रिटायरमेंट के लिए बचत में मदद करेगा. इससे जरूरत के समय पैसा निकालना आसान होगा और भविष्य भी सुरक्षित रहेगा.

शादी और पढ़ाई के लिए ज्यादा निकासी

EPFO ने और भी बदलाव किए हैं. अब पढ़ाई के लिए 10 बार और शादी के लिए 5 बार पैसा निकाला जा सकेगा. पहले यह सीमा सिर्फ 3 बार थी. इसके अलावा, पैसा निकालने के लिए नौकरी की अवधि की शर्त को भी एक समान कर दिया गया है, जो अब 12 महीने होगी. यह खासकर नए कर्मचारियों के लिए फायदेमंद है.

क्लेम का झंझट खत्म

पहले प्राकृतिक आपदा या महामारी जैसे मामलों में पैसा निकालने के लिए कारण बताना पड़ता था. कई बार क्लेम रद्द हो जाते थे. अब ऐसे मामलों में कोई कारण बताने की जरूरत नहीं होगी. कागजात जमा करने की जरूरत भी खत्म कर दी गई है. इससे पैसा निकालने के दावों का 100% ऑटोमैटिक निपटारा होगा, जिससे कर्मचारियों को जल्दी राहत मिलेगी.

7 करोड़ कर्मचारियों को लाभ

EPFO के इस फैसले से देश के 7 करोड़ से ज्यादा कर्मचारियों को फायदा होगा. पैसा निकालना आसान होने से जरूरत के समय तुरंत मदद मिलेगी. साथ ही, 25% बैलेंस की शर्त से रिटायरमेंट की बचत भी सुरक्षित रहेगी.