Ambani के Jio Financial में Bank of America का बड़ा दांव, 49.9% हिस्सेदारी लेने का प्लान !

चिराग ठाकुर

• 05:55 PM • 13 Aug 2026

जियो क्रेडिट में बैंक ऑफ अमेरिका की एंट्री से कंपनी को नई पूंजी, बेहतर जोखिम संभाल और तेज विस्तार का सहारा मिल सकता है. जानिए this बड़ी डील से जियो फाइनेंशियल और कर्ज बाजार पर क्या असर पड़ सकता है.

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न्यूज़ हाइलाइट्स

जियो क्रेडिट की कर्ज किताब दो साल में बहुत तेजी से बढ़ी

कंपनी घर, कारोबार और शेयर गिरवी जैसे कर्ज पर फोकस करती है

जियो की पहुंच और बैंक का जोखिम अनुभव साथ काम करेंगे

भारत के Financial Services सेक्टर में एक बड़ी डील सामने आई है. मुकेश अंबानी की Jio Financial Services की NBFC सब्सिडियरी Jio Credit में अमेरिका के दिग्गज बैंक Bank of America की एंट्री होने जा रही है. BofA की Corporate Subsidiary NB Holdings, Jio Credit में निवेश करेगी. प्रस्तावित डील की कुल वैल्यू करीब ₹18,270 करोड़ है.

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लेकिन कहानी सिर्फ इतने बड़े निवेश की नहीं है. असली सवाल यह है कि Bank of America ने Jio Credit में इतनी बड़ी हिस्सेदारी लेने का फैसला क्यों किया और Jio Financial को इस साझेदारी से क्या फायदा मिलने वाला है.

₹18,270 करोड़ की डील, 49.9% तक हिस्सेदारी

प्रस्तावित ट्रांजैक्शन के तहत Jio Credit, BofA की सब्सिडियरी को करीब ₹6,613 करोड़ के Equity Shares जारी करेगी. इसके अलावा ₹11,655 करोड़ के Warrants जारी किए जाएंगे.

  • Equity Shares: ₹6,613 करोड़.
  • Warrants: ₹11,655 करोड़.
  • शुरुआती हिस्सेदारी: 26.5%.
  • Warrants Conversion के बाद हिस्सेदारी: 49.9%.
  • Jio Credit Valuation: करीब $3.8 Billion यानी लगभग ₹32,000 करोड़.

यानी Warrants का Conversion होने के बाद BofA की सब्सिडियरी Jio Credit में करीब आधी हिस्सेदारी की मालिक बन सकती है.

दो साल से कम समय में ₹30,667 करोड़ की Loan Book

Jio Credit का सबसे बड़ा आकर्षण इसकी तेजी से बढ़ती Loan Book है. यह एक Digital-first NBFC है, जो Individuals और Businesses को Secured Credit उपलब्ध कराती है.

इसके प्रमुख कारोबार में शामिल हैं:

  • Retail Mortgage.
  • Loans Against Securities यानी LAS.
  • Commercial Finance.
  • Supply Chain Finance.

जून 2026 के अंत तक Jio Credit की Loan Book ₹30,667 करोड़ पहुंच चुकी थी. खास बात यह है कि कंपनी के मुताबिक यह आंकड़ा दो साल से भी कम समय में हासिल हुआ है.

यानी BofA किसी शुरुआती Lending Business पर सिर्फ भविष्य की उम्मीद के भरोसे दांव नहीं लगा रहा. Jio Credit पहले ही काफी तेजी से Scale कर चुका है.

Jio और BofA की ताकत साथ आएगी

इस साझेदारी को आसान भाषा में समझें तो दोनों कंपनियां अपनी अलग-अलग ताकत लेकर आ रही हैं.

Jio के पास:

  • Digital Ecosystem.
  • Technology.
  • भारत में Customer Reach.
  • Local Market की समझ.

BofA के पास:

  • Global Banking Expertise.
  • Risk Management का अनुभव.
  • Financial Services की विशेषज्ञता.
  • Global Systems और Processes.

Jio Financial को उम्मीद है कि BofA की एंट्री से Jio Credit को सिर्फ अतिरिक्त Capital नहीं मिलेगा, बल्कि Governance, Risk Management और Technology में भी मजबूती आएगी. इससे कंपनी Lending Business को और तेजी से बढ़ाने की कोशिश कर सकती है.

Jio Financial बना रहा है पूरा Financial Ecosystem

Bank of America के साथ साझेदारी Jio Financial की पहली बड़ी Global Financial Partnership नहीं है. कंपनी पहले ही BlackRock और Allianz जैसे Global Players के साथ साझेदारी कर चुकी है.

  • BlackRock: Asset और Wealth Management.
  • Allianz: Insurance.
  • Bank of America: Lending.

यानी Jio Financial अपने Financial Services Business को चार बड़े हिस्सों में विकसित करने की कोशिश कर रहा है.

BORROW | INVEST | TRANSACT | PROTECT

आसान भाषा में मतलब है Loan देना, Investment की सुविधा देना, Payments से जुड़ी Services देना और Insurance के जरिए Financial Protection उपलब्ध कराना.

बाकी Partnerships भी बना रही हैं Scale

Jio Financial की इन Partnerships का असर उसके दूसरे Businesses में भी दिख रहा है. जून 2026 तक JioBlackRock ₹18,000 करोड़ से ज्यादा का AUM Manage कर रहा था और इसके करीब 12 लाख Retail Investors थे.

वहीं Allianz Jio Reinsurance ने FY27 की पहली तिमाही में ₹266 करोड़ का Gross Written Premium दर्ज किया.

इससे संकेत मिलता है कि Jio Financial सिर्फ Partnerships की घोषणा नहीं कर रहा, बल्कि अलग-अलग Financial Businesses में धीरे-धीरे Scale बनाने की कोशिश भी कर रहा है.

शेयर में तेजी, लेकिन पूरी तस्वीर अभी बाकी है

BofA के निवेश की खबर सामने आने के बाद Jio Financial के शेयर में भी तेजी देखने को मिली. शेयर 3% से ज्यादा चढ़कर करीब ₹263 तक पहुंचा, हालांकि बाद में मुनाफावसूली के चलते यह करीब ₹258 के आसपास आ गया.

फिर भी Stock Performance की पूरी तस्वीर इतनी मजबूत नहीं है.

  • 2026 में अब तक शेयर करीब 13% नीचे.
  • पिछले एक साल में करीब 23% का Negative Return.

इसलिए नई Partnership ने Sentiment को जरूर सहारा दिया है, लेकिन निवेशकों को आगे कंपनी की Growth, Profitability और Valuation पर भी नजर रखनी होगी.

भारत के Financial Sector पर Global भरोसा

Jio Credit में BofA की एंट्री को सिर्फ एक कंपनी की डील के तौर पर नहीं देखा जा सकता. भारत के Financial Services Market में हाल के समय में कई Global Financial Institutions ने बड़े निवेश किए हैं.

Global Players के बड़े दांव:

  • MUFG → Shriram Finance.
  • Emirates NBD → RBL Bank.
  • SMFG → Yes Bank.
  • Bank of America → Jio Credit.

इसका संकेत साफ है. Global Financial Giants को भारत के Lending और Financial Services Market में लंबे समय तक Growth की बड़ी संभावना दिखाई दे रही है.

अब Jio Credit के सामने अगली चुनौती इस Capital और Global Expertise का इस्तेमाल करके Growth को कितनी तेजी से बढ़ाने की होगी. खासकर तब, जब कंपनी दो साल से भी कम समय में ₹30,667 करोड़ की Loan Book बना चुकी है.