SBI Mutual Fund के नए SIF ने जुटाए ₹1,154 करोड़, Equity कैटेगरी में बना सबसे बड़ा NFO

चिराग ठाकुर

• 03:45 PM • 23 Aug 2026

एसबीआई म्यूचुअल फंड के नए एसआईएफ ने 1,154 करोड़ जुटाए हैं. यह रणनीति टॉप 100 से बाहर शेयरों, डेरिवेटिव्स और सीमित शॉर्ट दांव के साथ अलग निवेश विकल्प देती है.

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न्यूज़ हाइलाइट्स

SBI MF के SIF पर निवेशकों का भरोसा

NFO से जुटाए ₹1,154 करोड़

Equity SIF कैटेगरी में बनाया रिकॉर्ड

SBI Mutual Fund की नई निवेश रणनीति Magnum Equity Ex-Top 100 Long Short Fund ने निवेशकों का मजबूत भरोसा हासिल किया है. 7 अगस्त से 20 अगस्त 2026 तक चले इस NFO के जरिए ₹1,154 करोड़ जुटाए गए हैं. SBI Mutual Fund के मुताबिक, Equity SIF कैटेगरी में यह अब तक का सबसे बड़ा NFO कलेक्शन है.

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यह Magnum SIF के तहत SBI Mutual Fund की दूसरी निवेश रणनीति है. खास बात यह है कि यह पारंपरिक लॉन्ग-ओनली इक्विटी फंड से अलग तरीके से बाजार में निवेश करने की कोशिश करती है.

आखिर इस SIF में खास क्या है?

इस रणनीति का फोकस Nifty 100 जैसी बड़ी कंपनियों के बाहर के शेयरों पर रहेगा. यानी फंड मैनेजर को टॉप 100 मार्केट-कैप कंपनियों से आगे जाकर दूसरे शेयरों में निवेश करने की आजादी होगी.

रणनीति के तहत मुख्य रूप से:

  • इक्विटी और इक्विटी से जुड़े साधनों में निवेश किया जाएगा.
  • बड़ी कंपनियों के अलावा दूसरे मार्केट-कैप सेगमेंट पर फोकस रहेगा.
  • डेरिवेटिव्स का इस्तेमाल किया जा सकेगा.
  • बाजार में गिरावट की स्थिति में सीमित शॉर्ट पोजीशन ली जा सकेगी.
  • लक्ष्य लंबी अवधि में पूंजी बढ़ाना और साथ ही जोखिम को मैनेज करना है.

यानी आसान भाषा में समझें तो यह सिर्फ शेयर खरीदकर रखने वाली रणनीति नहीं है. जरूरत पड़ने पर फंड मैनेजर डेरिवेटिव्स और सीमित शॉर्ट पोजीशन का इस्तेमाल करके पोर्टफोलियो को अलग तरीके से मैनेज कर सकता है.

SIF में निवेशकों की दिलचस्पी क्यों बढ़ रही है?

SIF यानी Specialized Investment Fund को म्यूचुअल फंड और वैकल्पिक निवेश उत्पादों के बीच एक तरह का नया विकल्प माना जा रहा है.

इसमें निवेशकों को ऐसी रणनीतियों तक पहुंच मिल सकती है, जो सामान्य म्यूचुअल फंड स्कीम में उपलब्ध नहीं होतीं.

खासकर:

  • Long और limited Short दोनों तरह की रणनीति.
  • Options और derivatives के ज्यादा flexible इस्तेमाल की क्षमता.
  • अलग तरह के risk-return profile को target करने का मौका.
  • म्यूचुअल फंड स्ट्रक्चर के भीतर निवेश का विकल्प.

इसी वजह से निवेशकों के बीच SIF को लेकर जागरूकता बढ़ रही है और एसेट मैनेजमेंट कंपनियां इस कैटेगरी में नई रणनीतियां लॉन्च कर रही हैं.

लेकिन ज्यादा flexibility का मतलब ज्यादा जोखिम भी

यहां निवेशकों को सावधान रहने की जरूरत है. SIF की रणनीति ज्यादा flexible जरूर है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि रिटर्न की कोई गारंटी है.

इस तरह की रणनीति में बाजार के उतार-चढ़ाव के अलावा capital loss, liquidity risk और derivatives से जुड़े जोखिम भी हो सकते हैं.

इसलिए सिर्फ इसलिए निवेश करना सही नहीं होगा क्योंकि NFO ने बड़ी रकम जुटाई है. निवेश से पहले इसकी Investment Strategy Information Document को समझना और अपने risk profile के हिसाब से फैसला लेना जरूरी है.

SBI Mutual Fund का बड़ा आधार

SBI Mutual Fund देश का सबसे बड़ा mutual fund house है. अप्रैल-जून 2026 तिमाही में इसकी औसत Assets Under Management यानी AAUM ₹12.57 लाख करोड़ से ज्यादा रही थी.

ऐसे में Magnum Equity Ex-Top 100 Long Short Fund का ₹1,154 करोड़ जुटाना सिर्फ एक नए NFO की सफलता नहीं, बल्कि SIF जैसे नए investment format में बड़े निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी का संकेत भी माना जा सकता है.

अब देखने वाली बात होगी कि फंड लॉन्च होने के बाद यह रणनीति बाजार के अलग-अलग दौर में कैसा प्रदर्शन करती है और क्या SIF वास्तव में निवेशकों को पारंपरिक इक्विटी फंड से अलग risk-return experience दे पाता है.