'काली स्कॉर्पियो से आए थे लोग...', मनीषा मित्तल की हत्या के बाद भाई हिमांक ने खोला नया राज 

Manisha Mittal Murder: शिमला के संजोली में हरियाणा की मनीषा मित्तल की स्कूल गेट पर गोली मारकर हत्या कर दी गई. प्रॉपर्टी विवाद के चलते शक के घेरे में आए उनके भाई हिमांक मित्तल ने आरोपों को नकारा है. हिमांक का दावा है कि उन पर भी जानलेवा हमला हुआ था.

Manisha Mittal Murder Case
Manisha Mittal Murder Case

राहुल यादव

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Manisha Mittal Murder Case: हिमाचल प्रदेश के शिमला (संजोली) में हुए सनसनीखेज मनीषा मित्तल हत्याकांड में एक नया और चौंकाने वाला मोड़ आ गया है. स्कूल के गेट पर दो नकाबपोश बदमाशों द्वारा गोलियों से भूनी गई मनीषा मित्तल के भाई हिमांक मित्तल ने इस पूरे मामले पर अपनी चुप्पी तोड़ी है. हरियाणा तक से एक्सक्लूसिव बातचीत में हिमांक ने खुद पर लग रहे सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है और दावा किया है कि इस हत्या के पीछे कोई तीसरा पक्ष शामिल है, जिससे अब उनकी खुद की जान को भी खतरा है.

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करोड़ों की प्रॉपर्टी और स्कूल को लेकर था विवाद

मूल रूप से हरियाणा के रोहतक की रहने वाली मनीषा मित्तल का अपने भाई हिमांक के साथ पैरामाउंट पब्लिक स्कूल सोसाइटी और पैरेंटल प्रॉपर्टी को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था. मर्डर से पहले मनीषा का एक वीडियो भी सामने आया था, जिसमें उन्होंने भाई हिमांक पर जान से मारने की धमकी देने और गुंडे भेजने के आरोप लगाए थे.

इस पर सफाई देते हुए बेड रेस्ट पर चल रहे हिमांक ने कहा, "सोसाइटी में 10 में से 9 मेंबर मेरे पक्ष में थे, मुझे कोई भी फैसला लेने के लिए सिर्फ बहुमत चाहिए था जो मेरे पास था. ऐसे में मुझे मनीषा से कोई रुकावट नहीं थी, तो मैं ऐसा कदम क्यों उठाऊंगा?"

"मेरी मां के मर्डर का झूठा आरोप भी मुझ पर लगाया"

हिमांक ने भावुक होते हुए कहा कि मनीषा ने उन पर 40 से 50 झूठे केस किए थे, जिससे उनकी जिंदगी तबाह हो गई. यहां तक कि मनीषा ने अपनी मां की मौत का आरोप भी हिमांक पर ही मढ़ दिया था. हिमांक ने कहा, "हमारी बोलचाल बंद थी, लेकिन वो मेरे माता-पिता की आखिरी निशानी थी, उसकी मौत की तस्वीरें देखकर मैं खुद सो नहीं पा रहा हूं. सोशल मीडिया पर जांच से पहले ही मुझे कातिल घोषित किया जा रहा है, जो कि पूरी तरह गलत है."

मुझ पर भी हुआ था स्कॉर्पियो सवारों द्वारा हमला

हिमांक ने एक और बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि 1 जून को रात 11 बजे सिंहपुरा रोड पर एक काली स्कॉर्पियो में आए तीन लोगों ने उन पर जानलेवा हमला किया था और उनके साथ बेरहमी से मारपीट की थी. हिमांक का कहना है कि पहले उन्हें लगा था कि यह हमला मनीषा ने करवाया है, लेकिन अब मनीषा की हत्या के बाद उन्हें शक है कि कोई 'थर्ड पर्सन' है जो दोनों भाई-बहन को रास्ते से हटाना चाहता है.

हरियाणा से पकड़े गए दोनों शूटर, पुलिस जांच जारी

आपको बता दें कि शिमला पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए मनीषा पर गोलियां बरसाने वाले दोनों शूटर्स को हरियाणा के रोहतक से गिरफ्तार कर लिया है. इनमें से एक की पहचान दुजाना गांव के 22 वर्षीय आशीष अहलावत और दूसरे की पहचान सुनारिया खुर्द के 25 वर्षीय दीपक के रूप में हुई है. हिमांक ने बताया कि शिमला पुलिस ने उनके घर आकर करीब डेढ़ दिन तक गहन पूछताछ की है, सीसीटीवी फुटेज लिए हैं और वो पुलिस की जांच में पूरा सहयोग कर रहे हैं.

 

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