12 बार चुनाव लड़ चुके रमेश खत्री अब 'रोड रोलर' से करेंगे विरोधियों का सफाया! सोनीपत मेयर चुनाव के लिए फूंका बिगुल

12 बार निर्दलीय चुनाव लड़ चुके रमेश खत्री अब 'रोड रोलर' चुनाव चिन्ह के साथ सोनीपत मेयर पद के लिए मैदान में उतरे हैं. वह इस भारी-भरकम मशीन के जरिए नगर निगम में व्याप्त भ्रष्टाचार को खत्म करने और जनता को जागरूक करने का दावा कर रहे हैं.

रोड रोलर
रोड रोलर

पवन राठी

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हरियाणा की राजनीति में अक्सर दिलचस्प नजारे देखने को मिलते हैं, लेकिन सोनीपत नगर निगम के मेयर चुनाव में एक प्रत्याशी ने सबका ध्यान अपनी ओर खींच लिया है. 12 बार निर्दलीय चुनाव लड़ चुके रमेश खत्री (नंबरदार) एक बार फिर चुनावी मैदान में हैं. इस बार उनकी पहचान और प्रचार का जरिया बना है- रोड रोलर.

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भ्रष्टाचार पर रोलर चलाने का इरादा

रमेश खत्री ने मेयर पद के लिए निर्दलीय नामांकन भरा है और उन्हें चुनाव चिन्ह के रूप में 'रोड रोलर' मिला है. खत्री का कहना है कि उन्होंने जानबूझकर यह निशान चुना है ताकि वह सोनीपत नगर निगम में व्याप्त भ्रष्टाचार पर 'रोलर' चला सकें. वह इस रोड रोलर को किराए पर लेकर सड़कों पर निकले हैं और जनता से वोट की अपील कर रहे हैं.

केजरीवाल और खट्टर के खिलाफ भी लड़ चुके हैं चुनाव

रमेश खत्री कोई नए खिलाड़ी नहीं हैं. वह अब तक 12 बार निर्दलीय चुनाव लड़ चुके हैं. उनके चुनावी सफर की खास बात यह है कि वह बड़े-बड़े दिग्गजों को चुनौती दे चुके हैं:

  • अरविंद केजरीवाल: नई दिल्ली से उनके खिलाफ लोकसभा और विधानसभा चुनाव लड़ा.
  • मनोहर लाल खट्टर: करनाल से पूर्व मुख्यमंत्री के खिलाफ भी ताल ठोक चुके हैं.
  • इसके अलावा वह सोनीपत से भी कई बार विधानसभा और लोकसभा चुनाव में अपनी किस्मत आजमा चुके हैं. 

किराए का 'रोलर' और विकास का वादा

प्रचार के लिए इस्तेमाल किया जा रहा यह रोड रोलर रमेश खत्री ने ₹2500 प्रतिदिन के किराए पर लिया है. [00:05:32] उनका मुख्य एजेंडा शहर की मूलभूत सुविधाओं में सुधार करना है. खत्री का वादा है कि यदि वह मेयर बनते हैं, तो:

  • स्वच्छ पेयजल: शहर और गांवों में पीने के साफ पानी की व्यवस्था करेंगे.
  • जलभराव से मुक्ति: सीवर और बारिश के पानी की निकासी की समस्या का स्थायी समाधान करेंगे.
  • भ्रष्टाचार मुक्त प्रशासन: जनता को सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे और बिना रिश्वत के काम होंगे. 

जनता को जागरूक करना ही मुख्य लक्ष्य

खत्री का कहना है कि चुनाव लड़ने का उनका मकसद केवल जीतना नहीं, बल्कि जनता को उनके वोट की ताकत के प्रति जागरूक करना भी है. उन्होंने राजनीतिक दलों पर शराब और पैसे बांटकर वोट खरीदने का आरोप भी लगाया और कहा कि वह इन कुरीतियों के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद करते रहेंगे.

अब देखना यह होगा कि 10 मई को होने वाले मतदान में सोनीपत की जनता इस 'रोलर' वाले उम्मीदवार पर कितना भरोसा जताती है. चुनाव के नतीजे 13 मई को घोषित किए जाएंगे.
 

 

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