सिंधिया और उनके दो समर्थक मंत्रीयों पर परिवाद याचिका दायर, दिग्विजय सिंह पर टिप्पणी का मामला

सर्वेश पुरोहित

09 May 2023 (अपडेटेड: May 9 2023 3:26 AM)

Gwalior News:  ग्वालियर के जिला एवं सत्र न्यायालय में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और उनके समर्थक मध्यप्रदेश सरकार में दो मंत्रियों के विरुद्ध दायर परिवाद मामले में सोमवार को सुनवाई की गई. पहली सुनवाई पर कोर्ट ने परिवादी का मौखिक पक्ष सुनने के बाद इंदरगंज थाना पुलिस को आगामी एक सप्ताह में स्टेटस रिपोर्ट पेश […]

Case of comment on Digvijay Singh, complaint filed against 2 ministers including his supporters including Scindia
Case of comment on Digvijay Singh, complaint filed against 2 ministers including his supporters including Scindia
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Gwalior News:  ग्वालियर के जिला एवं सत्र न्यायालय में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और उनके समर्थक मध्यप्रदेश सरकार में दो मंत्रियों के विरुद्ध दायर परिवाद मामले में सोमवार को सुनवाई की गई. पहली सुनवाई पर कोर्ट ने परिवादी का मौखिक पक्ष सुनने के बाद इंदरगंज थाना पुलिस को आगामी एक सप्ताह में स्टेटस रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए गए हैं. इस मामले की अगली सुनवाई 15 मई को की जाएगी.

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जानकारी के मुताबिक पिछले दिनों कांग्रेस की लीगल सेल से जुड़े अधिवक्ता नितिन शर्मा ने ग्वालियर के जिला एवं सत्र न्यायालय में एक परिवाद दायर किया था. अधिवक्ता नितिन शर्मा ने दायर परिवाद के बारे में बताया है कि उन्होंने अखबारों के माध्यम से पढ़ा था कि केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार के मंत्री तुलसीराम सिलावट व महेंद्र सिंह सिसोदिया ने मध्य प्रदेश शासन के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह का जन्म पाकिस्तान में होना चाहिए,

 इसको लेकर ख़बरें पढ़ी थी. इससे उनकी भावनाएं आहत हुईं थीं और इसी के बाद उन्होंने सबसे पहले इंदरगंज थाना पुलिस को एक शिकायती आवेदन दिया था. आवेदन पर कार्रवाई नहीं किए जाने के बाद उन्होंने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था.

अगली सुनवाई 15 मई को
बता दें कि शिकायती आवेदन पर पुलिसिया कार्रवाई नहीं होने के बाद उन्होंने न्यायालय की शरण ली थी और ग्वालियर की जिला एवं सत्र न्यायालय में संबंधित पक्षों के विरुद्ध मानहानि का केस दर्ज करने की मांग करते हुए परिवाद दायर किया था. सोमवार को इसी मामले की पहली सुनवाई हुई. कोर्ट ने परिवादी की मौखिक बहस सुनने के बाद थाना इंदरगंज को आगामी एक सप्ताह में स्टेटस रिपोर्ट प्रस्तुत करने के आदेश दिए हैं. अब इस मामले की अगली सुनवाई 15 मई निर्धारित की गई है.

जेएमएफसी कोर्ट के समक्ष यह परिवाद दायर
नितिन शर्मा ने मीडिया से चर्चा करते हुए बताया कि तीनों मंत्रियों ने खुले मंच से पूर्व मुख्यमंत्री के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया था. इसके बाद हमने इसका लिखित आवदेन थाने में दिया था. लेकिन शिकायत दर्ज नहीं की गई. फिर मैनें कोर्ट जाने का फैसला लिया. और जेएमएफसी कोर्ट के समक्ष यह परिवाद दायर किया है. जिसमें नितिन शर्मा खुद ही परिवादी हैं.जिसमें मांग की गई है कि राजनेताओं द्वारा ऐसी दोयम दर्जे की भाषा का इस्तेमाल पर रोक लगाई जाए. नितिन ने कहा कि नेताओं के खुले मंच से ऐसे बयान समाज के लिए कहीं न कहीं मानवीय भावनाओं को ठेस पहुंचती है.

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