NDA उम्मीदवार और महाराष्ट्र के राज्यपाल सी.पी. राधाकृष्णन कुल 452 वोटों के साथ भारत के उपराष्ट्रपति चुने गए. इस चुनाव में 767 सांसदों ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया था.
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वहीं वोटों की गिनती के दौरान 752 वैलिड पाए गए जबकि 15 वोट इनवैलिड करार दिए गए. इस मतगणना में सीपी राधाकृष्णन को प्रथम वरियता के 452 वोट मिले, जबकि इंडिया ब्लॉक के उम्मीदवार बी सुदर्शन रेड्डी को प्रथम वरियता के 300 वोट ही मिले.
इस वोटिंग प्रक्रिया की खास बात ये है कि एनडीए को विपक्षी दलों से भी 14 वोट मिले हैं उनके लिए बड़ी कामयाबी है. क्योंकि 15 वोट अमान्य हो गए और 14 वोट विपक्षी दलों से एनडीए को मिलने से विपक्ष को घाटा हो गया.
पूर्व उपराष्ट्रपति धनखड़ ने कुछ दिन पहले ही दे दिया था इस्तीफा
बता दें कि जुलाई में उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने स्वास्थ्य कारणों से इस्तीफा दे दिया था. जिसके बाद ही इस नए चुनाव को आयोजित किया गया. यो मतदान संसद परिसर के वसुंधा भवन में सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक चला. जहां संसद के दोनों सदनों के सांसद ने इस चुनाव में मतदान किया.
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