MP शिक्षक भर्ती: राहुल गांधी ने CM मोहन यादव को लिखा पत्र, पद बढ़ाने की मांग; शिक्षा विभाग ने दी सफाई

न्यूज तक

• 08:04 PM • 05 Oct 2026

राहुल गांधी ने वर्ग-2 में प्रति विषय 3 हजार और वर्ग-3 में 25 हजार पद बढ़ाने की मांग उठाई; स्कूल शिक्षा विभाग बोला- रिजल्ट के बाद पदवृद्धि का प्रावधान नहीं.

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मध्य प्रदेश में शिक्षक भर्ती में पद बढ़ाने की मांग को लेकर अभ्यर्थी पिछले कई दिनों से भोपाल में आंदोलन कर रहे हैं. इस सियासी हलचल के बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखा है. 29 सितंबर को लिखे गए इस पत्र में राहुल गांधी ने प्रदेश में खाली पदों का हवाला देते हुए शिक्षक भर्ती में पद बढ़ाने, काउंसलिंग शुरू करने और प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों पर जारी किए गए नोटिस वापस लेने की मांग की है. दूसरी ओर, स्कूल शिक्षा विभाग ने अनशन कर रहे अभ्यर्थियों के दावों पर अपना रुख साफ किया है.

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राहुल गांधी ने पत्र में क्या उठाई मांगें?

राहुल गांधी ने अपने पत्र में लिखा कि मध्य प्रदेश में शिक्षकों के 1 लाख से भी ज्यादा पद खाली हैं. इसके बावजूद शिक्षक भर्ती-2025 के तहत वर्ग-3 में केवल 13,089 और वर्ग-2 में महज 10,800 पदों पर भर्ती निकाली गई. राहुल गांधी ने मांग की कि

  • वर्ग-2 के तहत हर विषय में 3 हजार पद और वर्ग-3 में 25 हजार पद बढ़ाए जाएं.
  • आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों को जारी किए गए नोटिस तुरंत वापस लिए जाएं.
  • दूसरे चरण की काउंसलिंग प्रक्रिया जल्द से जल्द शुरू की जाए.


राहुल गांधी ने कहा कि पात्रता परीक्षा में अच्छे अंक लाने के बावजूद सीमित पदों के कारण अभ्यर्थी नियमित नौकरी से वंचित हैं. इनमें कई ऐसे अतिथि शिक्षक भी शामिल हैं, जो लंबे समय से सेवाएं दे रहे हैं और अब उम्र सीमा के करीब पहुंच चुके हैं.

इंदौर में छात्रों की गूंज कार्यक्रम में राहुल से मिले थे शिक्षक भर्ती परीक्षा के अभ्यर्थी 

इससे पहले इंदौर में आयोजित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के दौरान इंदौर की दीप्ति सिंह ठाकुर ने राहुल गांधी से मुलाकात की थी. दीप्ति ने राहुल को बताया था कि अनशन पर बैठे अभ्यर्थियों की हालत बेहद गंभीर है लेकिन प्रशासन की ओर से कोई सुनने वाला नहीं है. इस पर राहुल ने कहा था- "अपने आंदोलन में मुझे भी बुलाइए."

वर्तमान में भोपाल में अभ्यर्थी कई दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे हैं. वे सिर्फ पानी पी रहे हैं, जिससे उनकी स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है.

स्कूल शिक्षा विभाग ने जारी किया बयान

वहीं, अनशनकारी अभ्यर्थियों को लेकर स्कूल शिक्षा विभाग ने स्थिति स्पष्ट की है. विभाग के मुताबिक चयन सूची में मौजूद सभी पात्र अभ्यर्थियों के नियुक्ति आदेश पहले ही जारी किए जा चुके हैं, जबकि प्रतीक्षा सूची पर प्रक्रिया चल रही है.अभ्यर्थियों को स्पष्ट रूप से बता दिया गया था कि परीक्षा परिणाम जारी होने के बाद पदवृद्धि का कोई प्रावधान नहीं होता. इसके बावजूद वे और अन्य अभ्यर्थी पद बढ़ाने की मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं.