पुणे मर्डर मिस्ट्री: मंगेतर सिया ने उगला राज, केतन को खाई में क्यों धकेला, वजह जानकर चौंक जाएंगे!

पुणे के बिजनेसमैन केतन अग्रवाल हत्याकांड में बड़ा खुलासा हुआ है. मुख्य आरोपी मंगेतर सिया गोयल ने पुलिस को बताया कि वह अरेंज मैरिज नहीं करना चाहती थी. शादी तीन साल टालने और सामाजिक बदनामी से बचने के लिए उसने प्रेमी चेतन चौधरी के साथ मिलकर लोहागढ़ किले में केतन की हत्या की साजिश रची.

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ओमकार

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महाराष्ट्र के पुणे में हुए मशहूर रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल हत्याकांड में पुलिस के हाथ एक बेहद चौंकाने वाली वजह लगी है. मुख्य आरोपी और केतन की मंगेतर सिया गोयल ने पुलिस पूछताछ में कुबूल किया है कि वह यह शादी नहीं करना चाहती थी. शादी को करीब तीन साल तक टालने के लिए उसने अपने प्रेमी के साथ मिलकर केतन को रास्ते से हटाने का खौफनाक प्लान बनाया.

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अरेंज मैरिज से बचने के लिए रची गई साजिश

पुलिस जांच में सामने आया है कि सिया गोयल केतन के साथ शादी के बंधन में नहीं बंधना चाहती थी. उसका मानना था कि अगर केतन की मौत हो जाती है तो परिवार वाले कम से कम तीन साल तक उसकी शादी की बात नहीं करेंगे. वहीं उसके प्रेमी चेतन चौधरी ने भी सिया से शादी करने के लिए दो से तीन साल का समय मांगा था. दोनों अपनी तय हो चुकी अरेंज मैरिज को तोड़कर समाज में बदनाम नहीं होना चाहते थे, इसलिए उन्होंने केतन की हत्या का रास्ता चुना.

उदयपुर ट्रिप और जनवरी का वो कनेक्शन

इस पूरे मामले के तार अब राजस्थान से जुड़ रहे हैं. पुलिस के मुताबिक, फरवरी में केतन और सिया की सगाई होने से ठीक पहले, जनवरी में सिया और चेतन एक ग्रुप ट्रिप पर राजस्थान के उदयपुर गए थे. वहां वे करीब पांच दिन रुके थे. चेतन मूल रूप से राजस्थान का ही रहने वाला है. पुलिस अब दोनों की मोबाइल लोकेशन, ट्रैवल हिस्ट्री और डिजिटल डेटा खंगाल रही है ताकि यह पता चल सके कि क्या हत्या की यह खौफनाक साजिश इसी उदयपुर ट्रिप के दौरान तैयार की गई थी.

लोहागढ़ किले पर क्या हुआ था?

यह सनसनीखेज वारदात 18 जून की है. 26 साल के बिजनेसमैन केतन अग्रवाल अपनी मंगेतर सिया के साथ लोनावला के पास लोहागढ़ किला घूमने गए थे. पुलिस के अनुसार, प्लान के तहत सिया का प्रेमी चेतन चौधरी भी वहां पहुंच गया. जैसे ही केतन खाई के किनारे पहुंचा, सिया ने नीचे बैठकर इशारा किया. इसी बीच चेतन ने पीछे से आकर केतन को गहरी खाई में धक्का दे दिया. शुरुआत में इसे पैर फिसलने से हुआ हादसा माना जा रहा था, लेकिन मुस्तैद पुलिस जांच ने इसे साजिशन हत्या साबित कर दिया.

डिलीट चैट्स और 238 घंटे का कॉल रिकॉर्ड

आरोपियों ने पकड़े जाने के डर से अपने मोबाइल फोन से वॉट्सएप चैट, कॉल लॉग और यहां तक कि रीसायकल बिन का डेटा भी पूरी तरह साफ कर दिया था. पुलिस ने दोनों के फोन को फोरेंसिक लैब (FSL) भेज दिया है ताकि डिलीट डेटा रिकवर किया जा सके. जांच में यह भी सामने आया है कि इस साल जनवरी से अब तक दोनों के बीच 2,004 बार फोन पर बात हुई थी, जिसकी कुल अवधि करीब 238 घंटे है.

भाई के जरिए हुई थी मुलाकात

सिया और चेतन की मुलाकात की कहानी भी काफी दिलचस्प है. चेतन की पहचान सिया के बड़े भाई साहिल गोयल से क्रिकेट खेलने के दौरान हुई थी. सिया अक्सर अपने भाई का मैच देखने जाती थी, जहां उसकी मुलाकात चेतन से हुई. बाद में साल 2025 में एक दिवाली पार्टी के दौरान दोनों की नजदीकियां बढ़ीं, जिसने बाद में इस खौफनाक वारदात का रूप ले लिया. मामले की गंभीरता को देखते हुए पीड़ित परिवार की तरफ से देश के जाने-माने वकील उज्ज्वल निकम कोर्ट में यह केस लड़ेंगे.

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