दुश्मन की जमीन, चारों तरफ खतरा...अमेरिकी कमांडो ने ईरान में घुसकर ऐसे बाहर निकाला अपना सैनिक! 

अमेरिका ने ईरान की पहाड़ियों में फंसे अपने लापता वायु सैनिक को एक बेहद साहसी ऑपरेशन के जरिए सुरक्षित बचा लिया है. F-15E विमान गिरने के बाद यह पायलट दुश्मन के इलाके में छिपा था.

US pilot rescue Iran
US pilot rescue Iran

न्यूज तक डेस्क

follow google news

मिडिल ईस्ट में जारी भारी तनाव के बीच अमेरिका ने एक बेहद खतरनाक सैन्य ऑपरेशन को अंजाम दिया है. अमेरिकी स्पेशल फोर्सेज ने ईरान की सीमा के भीतर घुसकर अपने एक लापता वायु सैनिक (Airman) को सुरक्षित बचा लिया है. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने खुद इस खबर की पुष्टि की और इसे अमेरिकी सैन्य इतिहास का सबसे जांबाज मिशन बताया है.

Read more!

कैसे शुरू हुआ यह घटनाक्रम?

जानकारी के अनुसार, अमेरिकी एयरफोर्स का F-15E स्ट्राइक ईगल फाइटर जेट ईरान के दक्षिणी हिस्से में मार गिराया गया था. इस विमान में दो क्रू मेंबर मौजूद थे. एक पायलट और एक वेपन सिस्टम्स ऑफिसर. हमले के बाद दोनों ने समय रहते इजेक्ट कर लिया और जमीन पर उतरने के बाद एक-दूसरे से संपर्क भी बनाए रखा.

घटना के कुछ ही घंटों में एक पायलट को सुरक्षित निकाल लिया गया, लेकिन दूसरा क्रू मेंबर पहाड़ी इलाके में फंस गया. वह करीब एक दिन से अधिक समय तक दुश्मन के इलाके में छिपा रहा और लगातार पकड़े जाने का खतरा बना रहा.

ट्रंप ने की जांबाजी की तारीफ

राष्ट्रपति ट्रंप ने सोशल मीडिया पर इस मिशन की जानकारी साझा करते हुए लिखा, "हमने उसे ढूंढ निकाला." उन्होंने बताया कि सैनिक को कुछ चोटें आई हैं, लेकिन उसकी स्थिति अब ठीक है और वह जल्द स्वस्थ हो जाएगा. ट्रंप ने इस सफल मिशन के लिए सेना की रणनीतिक सूझबूझ की सराहना की.

कैसे हुआ हाई-रिस्क रेस्क्यू ऑपरेशन?

इस ऑपरेशन को सफल बनाने में अमेरिकी खुफिया एजेंसी CIA ने 'भ्रम फैलाने की रणनीति' का इस्तेमाल किया. अफवाह फैलाई गई कि सैनिक मिल चुका है, जबकि उस वक्त रेस्क्यू टीम उसकी सटीक लोकेशन ट्रैक कर रही थी. जब लोकेशन पक्की हो गई, तो स्पेशल कमांडो यूनिट ने भारी गोलाबारी और एयरस्ट्राइक के कवर के बीच ईरान के देहदश्त शहर के पास से अपने साथी को सुरक्षित निकाल लिया.

अब दोनों क्रू मेंबर्स अमेरिकी सुरक्षा घेरे में हैं और इस ऑपरेशन को अमेरिका की बड़ी रणनीतिक जीत माना जा रहा है.

    follow google news