पीके ने पहली बार अपनी पत्नी का कराया परिचय, जानिए कौन हैं जाह्नवी दास और क्या करती हैं

शुभम गुप्ता

• 04:27 PM • 26 Aug 2024

प्रशांत किशोर ने अपनी पत्नी डॉ. जाह्नवी दास का परिचय कराते हुए महिलाओं के योगदान की सराहना की और 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में जन सुराज की योजनाओं का खुलासा किया.

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Prashant Kishor-Jahanvi Das: बिहार में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं. ऐसे में राजनीतिक पार्टियों ने तैयारी शुरू कर दी है. जनसुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर भी अगले साल होने वाले चुनाव में ताल ठोकते नजर आने वाले हैं. 2 अक्टूबर को वह अपने पार्टी का ऐलान करेंगे. पीके पिछले 2 साल से पदयात्रा कर रहे हैं. ऐसे में वे राज्य में घूम-घूमकर अलग-अलग कार्यक्रमों का आयोजन कर जनता का समर्थन इकट्ठा कर रहे हैं. 25 अगस्त, रविवार को उन्होंने राज्य की राजधानी पटना में 'जन सुराज' महिला संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया. पीके ने इस कार्यक्रम में पहली बार अपनी पत्नी को बुलाया. 

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जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने अपनी पत्नी डॉ. जाह्नवी दास का परिचय कराते हुए महिलाओं के योगदान की जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि उनके संगठन के पुरुष सदस्य जिस तरह से काम कर पा रहे हैं, उसके पीछे महिलाओं का समर्थन है. पीके ने कहा कि जब महिलाएं पुरुषों का बोझ उठा रही हैं, तो यह उनका फर्ज है कि उन्हें ज्यादा से ज्यादा हक और अधिकार मिले.

जाह्नवी झा के बारे में जानिए

प्रशांत किशोर की पत्नी डॉ. जाह्नवी दास असम की रहने वाली हैं और पेशे से डॉक्टर हैं. दोनों की मुलाकात संयुक्त राष्ट्र (यूएन) के हेल्थ प्रोग्राम के दौरान हुई थी. यह मुलाकात धीरे-धीरे दोस्ती और फिर प्यार में बदल गई और आखिरकार उन्होंने शादी कर ली. इस दंपति का एक बेटा भी है. फिलहाल जाह्नवी अपनी डॉक्टरी की प्रैक्टिस छोड़कर बिहार में अपने पति और बेटे के साथ रहती हैं.

40 महिलाओं को चुनाव लड़ाएंगे पीके

प्रशांत किशोर ने पहले ही घोषणा कर दी है कि उनका संगठन 'जन सुराज' 2025 के बिहार विधानसभा चुनावों में सभी 243 सीटों पर चुनाव लड़ेगा. उन्होंने यह भी बताया कि उनकी पार्टी कम से कम 40 सीटों पर महिला उम्मीदवारों को मैदान में उतारेगी. 

महिलाओं को मिलेगा विशेष समर्थन

प्रशांत किशोर ने कहा कि उनकी सरकार बनने पर जो भी महिलाएं खुद से व्यवसाय करना चाहेंगी, उन्हें सरकार की ओर से बहुत ही मामूली दर पर आर्थिक सहायता मिलेगी. यह दर जीविका दीदियों से ली जाने वाली मौजूदा ब्याज दर से भी कम होगी. जीविका दीदियां बिहार ग्रामीण आजीविका परियोजना के तहत स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं हैं.

पिछड़ा वर्ग भी होगा चुनावी मैदान में

प्रशांत किशोर ने इस साल जनवरी में घोषणा की थी कि उनके संगठन 'जन सुराज' अति पिछड़ा वर्ग (EBC) श्रेणी के कम से कम 75 उम्मीदवारों को 2025 के बिहार विधानसभा चुनावों में चुनावी मैदान में उतारेगा.इस घोषणा के साथ, पीके ने साफ कर दिया है कि उनका संगठन बिहार के सभी वर्गों, विशेषकर महिलाओं और पिछड़े वर्गों के लिए सशक्तिकरण की दिशा में काम करेगा.