'अगले एक साल में गिर जाएगी मोदी सरकार', कांग्रेस की बैठक में राहुल गांधी की भविष्यवाणी!

कांग्रेस अल्पसंख्यक सलाहकार समिति की बैठक में राहुल गांधी ने दावा किया कि देश में बढ़ते आर्थिक असंतोष के कारण अगले एक साल में मोदी सरकार गिर जाएगी. उन्होंने नेताओं से हर पीड़ित वर्ग के लिए खुलकर खड़े होने को कहा. बैठक में सभी अल्पसंख्यक समुदायों के प्रतिनिधि शामिल हुए.

rahul gandhi
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राहुल गौतम

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लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने देश की सियासत को लेकर एक बड़ा दावा किया है. कांग्रेस की अल्पसंख्यक सलाहकार समिति की बैठक में उन्होंने कहा कि अगले एक साल के भीतर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार गिर जाएगी और पीएम मोदी की विदाई तय है. राहुल गांधी के इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है.

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क्यों गिरेगी मोदी सरकार? राहुल गांधी ने बताई वजह

कांग्रेस सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक, इस बैठक में राहुल गांधी ने सरकार के जाने की वजह भी बताई. उन्होंने कहा कि वैश्विक स्तर पर आर्थिक हालात ठीक नहीं हैं. इसके साथ ही देश के भीतर भी आर्थिक असंतोष और महंगाई को लेकर लोगों में नाराजगी लगातार बढ़ रही है. राहुल गांधी का मानना है कि बदलती हुई परिस्थितियां देश की राजनीति पर बड़ा असर डालेंगी, जिससे मौजूदा सरकार की विदाई का रास्ता साफ होगा.

'अल्पसंख्यक' शब्द पर राहुल गांधी की दो टूक

बैठक के दौरान कुछ नेताओं ने सुझाव दिया कि 'मुस्लिम' शब्द की जगह सिर्फ 'अल्पसंख्यक' शब्द का इस्तेमाल किया जाना चाहिए. इस पर राहुल गांधी ने साफ असहमति जताई. उन्होंने नेताओं से कहा कि किसी भी बात से डरने की जरूरत नहीं है. देश में जिस भी वर्ग के साथ अन्याय हो रहा है, कांग्रेस को उसके साथ खुलकर खड़ा होना चाहिए. चाहे वह हिंदू हो, मुस्लिम हो, दलित, सवर्ण, सिख, ईसाई, बौद्ध या जैन हो, पार्टी को हर नागरिक के हक की आवाज बुलंद करनी होगी.

इमरान मसूद ने दी नैरेटिव बदलने की सलाह

इस बैठक में कांग्रेस नेता इमरान मसूद ने भी अपनी बात रखी. उन्होंने कहा कि पार्टी को इस सोच (नैरेटिव) को बदलना होगा कि मुस्लिम समाज सिर्फ बीजेपी को हराने के लिए वोट करता है. उन्होंने सुझाव दिया कि कांग्रेस को मुस्लिम समुदाय के बीच जाकर यह बताना चाहिए कि पार्टी ने उनके विकास के लिए क्या-क्या काम किए हैं. काम के दम पर ही समर्थन मांगा जाना चाहिए, ताकि बीजेपी को बहुसंख्यक ध्रुवीकरण की राजनीति करने का मौका न मिल सके.

नेताओं ने राहुल गांधी से की शिकायत

करीब दो घंटे से ज्यादा समय तक चली इस बैठक का आयोजन कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के अध्यक्ष इमरान प्रतापगढ़ी ने किया था. बैठक में कुछ नेताओं ने राहुल गांधी से शिकायत भी की. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी तो अल्पसंख्यकों के मुद्दों पर खुलकर बोलते हैं, लेकिन कांग्रेस के दूसरे बड़े नेता इन मुद्दों पर बात करने से बचते हैं. नेताओं ने मांग की कि बाकी बड़े नेताओं को भी राहुल गांधी की तरह ही मुखर होना चाहिए.

बैठक में सभी अल्पसंख्यक समुदायों की रही मौजूदगी

इस बैठक को खास तौर पर देश के सभी अल्पसंख्यक समुदायों का प्रतिनिधित्व देने के लिए बुलाया गया था. इसमें मुस्लिम समाज के साथ-साथ सिख समुदाय से गुरदीप सप्पल, ईसाई समुदाय से हिबी, बौद्ध समुदाय से राजेंद्र पाल गौतम और जैन समुदाय का पक्ष रखने के लिए वरिष्ठ नेता अभिषेक मनु सिंघवी शामिल हुए.

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