UPSC ने पूजा खेडकर की ट्रेनिंग खत्म कर बुलाया वापस लेकिन नहीं पहुंची LBSNAA, अब आगे क्या?

अभिषेक

• 03:45 PM • 24 Jul 2024

पिछले दिनों UPSC ने पूजा खेडकर से कारण बताओ नोटिस जारी किया और पूछा कि, आपका चयन क्यों रद्द न रद्द किया जाए? पूजा खेडकर के जिला प्रशिक्षण को तत्काल प्रभाव से रोक दिया गया और उन्हें आगे की आवश्यक कार्रवाई के लिए तुरंत अकादमी में वापस बुलाया गया.

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Pooja Khedkar: फर्जी विकलांगता और जाति प्रमाण पत्र लगाकर नौकरी पाने वाली महाराष्ट्र कैडर की ट्रेनी IAS अधिकारी पूजा खेडकर एकबार फिर से चर्चा में है. इस बार चर्चा की वजह बना है उनका सिविल सेवकों के ट्रेनिंग सेंटर LBSNAA नहीं पहुंचना. दरअसल पिछले दिनों लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय प्रशासन अकादमी मसूरी ने पूजा खेडकर पर एक्शन लेते हुए तत्काल प्रभाव से उनकी ट्रेनिंग समाप्त करते हुए LBSNAA में रिपोर्ट करने का आदेश दिया था जिसकी डेडलाइन 23 जुलाई को थी. हालांकि इस आदेश के बावजूद भी वो वहां नहीं पहुंची. 

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आपको बता दें कि, पूजा खेडकर के चयन को लेकर विवाद खड़ा हुआ तब 16 जुलाई को महाराष्ट्र के अतिरिक्त मुख्य सचिव नितिन गद्रे ने पूजा खेडकर को पत्र लिखकर कहा कि सरकार के साथ उनकी प्रशिक्षण अवधि समाप्त कर दी गई है. और उन्हें LBSNAA में रिपोर्ट करने को कहा गया. आपको बता दें कि, पूजा खेडकर ने न तो अकादमी को रिपोर्ट किया है और न ही उस पत्र का जवाब दिया है. 

पूजा खेडकर पर क्या है आरोप?

पूजा खेडकर क्रीमी लेयर OBC कैंडिडेट हैं लेकिन UPSC में उन्होंने OBC का नॉन क्रीमी लेयर का फेक सर्टिफिकेट दिखाया है. आपको बता दें कि, अगर किसी परिवार की सालाना आय 8 लाख रूपये से अधिक है तो उस परिवार को क्रीमी लेयर की श्रेणी में रखा जायेगा. वहीं अगर किसी परिवार की सालाना आय 8 लाख रूपये से कम है तो उस परिवार को नॉन क्रीमी लेयर की श्रेणी में रखा जाता है. पूजा के के परिवार को छोड़ दे तो खुद उनकी ही संपत्ति करीब 17 करोड़ है. यानी उन्होंने फर्जी तरीके से OBC सर्टिफिकेट बनवाया है. 

ऐसे ही पूजा खेडकर पर फर्जी विकलांगता सर्टिफिकेट लगाने का भी आरोप लगा है. उन्होंने पिछली बार की परीक्षा में PwBD-1 का सर्टिफिकेट लगाया था जिसमें अंधापन या कम दृष्टि आती है वहीं दूसरी बार उन्होंने PwBD-5 का सर्टिफिकेट लगाया जिसमें बहरा-अंधत्व सहित बहु-दिव्यांगताएं आती है. ये बात सामने आई है कि, उन्होंने अलग-अलग एड्रेस दिखाकर विकलांगता के सर्टिफिकेट बनवाएं. जबकि उनमें वैसे कोई लक्षण नहीं थे. 

क्या लिया गया एक्शन?

पिछले दिनों UPSC के जारी एक नोटिस के मुताबिक, UPSC ने पूजा खेडकर से कारण बताओ नोटिस जारी किया और पूछा कि, आपका चयन क्यों रद्द न रद्द किया जाए? पूजा खेडकर के जिला प्रशिक्षण को तत्काल प्रभाव से रोक दिया गया और उन्हें आगे की आवश्यक कार्रवाई के लिए तुरंत अकादमी में वापस बुलाया गया. इसके साथ ही सिविल सेवा परीक्षा में अपनी योग्यता से अधिक प्रयास करने के लिए अपनी पहचान के बारे में UPSC को गलत जानकारी देने के आरोप में दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने उनपर आपराधिक मामला दर्ज किया है. केंद्र सरकार ने खेडकर के सभी दस्तावेजों की जांच के लिए एक सदस्यीय समिति भी बनाई है.

जानकारी के मुताबिक पूजा खेडकर पिछले पांच दिनों से लापता है. उनकी कोई खोज खबर नहीं है. उनके LBSNAA में रिपोर्ट नहीं करने पर अब फिर से एक और नोटिस जारी हो सकती है.