Hanumangarh News: राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में स्थित ऐतिहासिक भटनेर दुर्ग के निरीक्षण के दौरान केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत का कड़ा रुख देखने को मिला है. किले के रखरखाव और संरक्षण कार्यों की समीक्षा करने पहुंचे मंत्री उस वक्त भड़क गए जब जिले के दो सबसे बड़े प्रशासनिक अधिकारी-जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक (SP)मौके पर मौजूद ही नहीं थे.
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प्रोटोकॉल पर उठे सवाल, भागे-भागे पहुंचे DSP और SDM
केंद्रीय मंत्री के दौरे के बावजूद जिला स्तर के शीर्ष अधिकारियों के अनुपस्थित रहने से प्रशासनिक तालमेल और प्रोटोकॉल पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं. मंत्री शेखावत की नाराजगी की खबर फैलते ही प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया, जिसके बाद आनन-फानन में डीएसपी और एसडीएम मौके पर पहुंचे और स्थिति संभालने की कोशिश की.
भटनेर दुर्ग की बदहाली देख जताई नाराजगी
निरीक्षण के दौरान भटनेर दुर्ग की खस्ताहाल स्थिति और लंबे समय से लटके मरम्मत के कामों को देखकर केंद्रीय मंत्री ने गहरा असंतोष जताया. ऐतिहासिक विरासत के संरक्षण में हो रही देरी को लेकर उन्होंने भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) के अधिकारियों को जमकर आड़े हाथों लिया और काम में पारदर्शिता व तेजी लाने के सख्त निर्देश दिए.
ऐतिहासिक धरोहर की अनदेखी पर बरसे मंत्री
भटनेर दुर्ग न केवल हनुमानगढ़ की शान है, बल्कि राजस्थान के सबसे प्राचीन और ऐतिहासिक किलों में से एक माना जाता है. मंत्री शेखावत ने साफ कहा कि इस तरह की ऐतिहासिक संपत्तियों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. उन्होंने एएसआई को जल्द से जल्द दुर्ग के जीर्णोद्धार का काम पूरा करने की हिदायत दी.
प्रशासनिक लापरवाही पर उठे सवाल
केंद्रीय मंत्री के दौरे के दौरान जिला कलेक्टर और एसपी की गैर-मौजूदगी को लेकर अब स्थानीय स्तर पर चर्चाएं तेज हैं. देखना होगा कि मंत्री की इस नाराजगी के बाद भटनेर दुर्ग के जीर्णोद्धार कार्य में कितनी तेजी आती है और अनुपस्थित रहे अधिकारियों को लेकर क्या स्पष्टीकरण सामने आता है.
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