राजस्थान यूनिवर्सिटी में दिव्यांग छात्रों से सिक्योरिटी गार्ड की गंदी हरकत, भड़कीं कुलसचिव, नौकरी से निकाला; FIR का दिया आदेश

न्यूज तक डेस्क

• 11:35 AM • 08 Aug 2026

राजस्थान यूनिवर्सिटी में अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे दिव्यांग छात्रों के साथ एक सिक्योरिटी गार्ड ने गंदे इशारे और अभद्रता की. मामला संज्ञान में आते ही कुलसचिव आशु चौधरी ने कड़ा रुख अपनाते हुए आरोपी गार्ड को तुरंत नौकरी से बर्खास्त कर दिया और पुलिस को उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के सख्त निर्देश दिए.

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राजस्थान विश्वविद्यालय में अपनी समस्याओं की शिकायत लेकर पहुंचे दिव्यांग छात्रों के साथ एक सिक्योरिटी गार्ड ने अमानवीय व्यवहार और गंदे इशारे किए. इस शर्मनाक हरकत की जानकारी मिलने पर विश्वविद्यालय की कुलसचिव आशु चौधरी भड़क गईं. उन्होंने तुरंत संज्ञान लेते हुए आरोपी गार्ड को नौकरी से बर्खास्त कर दिया और उसके खिलाफ पुलिस में एफआईआर (FIR) दर्ज करवाने के सख्त निर्देश दिए हैं.

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क्या है पूरा मामला?

जयपुर स्थित राजस्थान यूनिवर्सिटी के प्रशासनिक भवन में शासकीय पोद्दार कॉलेज के दिव्यांग (मूक-बधिर) छात्र शैक्षणिक और बुनियादी सुविधाओं की समस्याओं को लेकर पहुंचे थे. इसी दौरान ड्यूटी पर तैनात एक निजी एजेंसी के सिक्योरिटी गार्ड ने उन्हें देखते ही गंदे और अश्लील इशारे करने शुरू कर दिए. आरोप है कि गार्ड ने न केवल उनका मजाक उड़ाया बल्कि उनके साथ बेहद अपमानजनक व्यवहार भी किया.

महिला प्रशासनिक अधिकारी हुईं आगबबूला

छात्रों के साथ हुई इस अभद्रता की शिकायत जब विश्वविद्यालय की कुलसचिव (रजिस्ट्रार) आशु चौधरी तक पहुंची, तो वे बेहद नाराज हुईं. वायरल वीडियो में भी साफ देखा जा सकता है कि कुलसचिव फोन पर नाराजगी जताते हुए गार्ड को तत्काल प्रभाव से हटाने और पुलिस केस दर्ज कराने की हिदायत दे रही हैं. उन्होंने स्पष्ट कहा कि गार्ड को सिर्फ हटाना समस्या का समाधान नहीं है, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए.

छात्र संगठनों ने किया विरोध 

घटना सामने आने के बाद यूनिवर्सिटी परिसर में छात्र संगठनों और छात्र नेताओं ने भारी विरोध दर्ज कराया है. छात्र नेताओं ने आरोप लगाया है कि यह सुरक्षा एजेंसी कुलपति के इशारे पर लगाई गई थी और इसे तुरंत निरस्त किया जाना चाहिए.

उधर, पुलिस का कहना है कि विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से पत्र मिला है, लेकिन पीड़ित छात्रों की ओर से अभी तक कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है, जिसके चलते औपचारिक एफआईआर दर्ज होना बाकी है. विश्वविद्यालय प्रशासन ने आरोपी सुरक्षा गार्ड को नौकरी से निष्कासित कर दिया है.