राजस्थान में मानसून की सक्रियता अब धीरे-धीरे कम होने के संकेत मिल रहे हैं. मौसम केंद्र जयपुर ने 14 अगस्त को जारी पूर्वानुमान में बताया है कि जोधपुर, उदयपुर और अजमेर संभाग के ज्यादातर हिस्सों में बारिश की गतिविधियों में कमी आने की संभावना है. हालांकि, राज्य के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में कुछ जगहों पर मध्यम बारिश जारी रह सकती है.
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आज इन संभागों में बारिश के आसार
14 अगस्त को पूर्वी राजस्थान के जयपुर, भरतपुर, अजमेर, कोटा और उदयपुर संभागों में कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है. पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर और जोधपुर संभागों में कुछ जगहों पर बारिश हो सकती है.
मौसम विभाग के जिला स्तर के पूर्वानुमान में कई इलाकों के लिए मेघगर्जन, वज्रपात और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाओं की चेतावनी दी गई है. 14 अगस्त को अजमेर, अलवर, बारां, भरतपुर, भीलवाड़ा, बूंदी, चित्तौड़गढ़, दौसा, डीग, धौलपुर, जयपुर, झालावाड़, झुंझुनूं, करौली, खैरथल-तिजारा, कोटा, कोटपूतली-बहरोड़, प्रतापगढ़, राजसमंद, सवाई माधोपुर, सीकर और टोंक समेत कई जिलों में मौसम खराब रहने के आसार हैं.
15 अगस्त के बाद बारिश और घटेगी
मौसम केंद्र के मुताबिक 15 अगस्त से उत्तरी और उत्तर-पूर्वी राजस्थान को छोड़कर राज्य के ज्यादातर हिस्सों में बारिश की गतिविधियां कम होने की प्रबल संभावना है. हालांकि जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर और उदयपुर संभागों में कुछ स्थानों पर बारिश का दौर बना रह सकता है. बीकानेर और जोधपुर संभागों में भी कहीं-कहीं बारिश होने की संभावना है.
16 अगस्त को जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर और उदयपुर संभागों में कहीं-कहीं बारिश हो सकती है. 17 अगस्त को जयपुर, भरतपुर, कोटा और उदयपुर संभागों में बारिश के आसार हैं. 18 अगस्त को जयपुर, भरतपुर, कोटा, अजमेर और उदयपुर संभागों में कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है. 19 और 20 अगस्त को जयपुर, भरतपुर और कोटा संभागों में कहीं-कहीं बारिश की संभावना जताई गई है.
30-40 KM की रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं
जिला स्तर के अलर्ट में कई जिलों में मेघगर्जन और वज्रपात के साथ 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है. अलवर और भरतपुर में यह स्थिति 14 से 18 अगस्त तक बनी रहने का पूर्वानुमान है. दौसा, डीग, धौलपुर, करौली, खैरथल-तिजारा, कोटपूतली-बहरोड़ और सवाई माधोपुर जैसे जिलों में भी कई दिनों तक गरज-चमक और तेज हवा का असर रह सकता है.
पश्चिमी राजस्थान में चूरू और डीडवाना-कुचामन में 14 और 15 अगस्त को मेघगर्जन, वज्रपात और तेज हवाओं का अलर्ट है. हनुमानगढ़ में 15 अगस्त को और श्रीगंगानगर में भी 15 अगस्त को इसी तरह का मौसम रहने की संभावना है. पाली में 14 अगस्त को मेघगर्जन और तेज हवा का पूर्वानुमान है.
मौसम में बदलाव की वजह
मौसम विभाग के अनुसार मानसून ट्रफ इस समय फिरोजपुर, मुजफ्फरनगर, फतेहगढ़, डाल्टनगंज, झारखंड के ऊपर बने डिप्रेशन और उससे सटे गंगीय पश्चिम बंगाल से होते हुए पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी तक फैली है. इसके अलावा मध्य भारत के ऊपर शियर जोन और उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश के आसपास ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण भी बना हुआ है.
भारी बारिश के बाद अब राहत के संकेत
पिछले 24 घंटों में राजस्थान के पश्चिमी हिस्सों में कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश हुई. पूर्वी राजस्थान में भी कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और कुछ जगहों पर भारी बारिश दर्ज की गई. मौसम केंद्र के 14 अगस्त के बुलेटिन में पिछले दौर में चित्तौड़गढ़, बारां और उदयपुर समेत कई जिलों में भारी से अत्यंत भारी बारिश का उल्लेख किया गया है. बस्सी, चित्तौड़गढ़ में 227 मिमी बारिश दर्ज होने की जानकारी भी बुलेटिन में दी गई है.
मौसम विभाग की चेतावनी के मुताबिक भारी बारिश की स्थिति में निचले इलाकों और अंडरपास में जलभराव हो सकता है. सड़क यातायात भी प्रभावित हो सकता है. ऐसे स्थानों पर सावधानी बरतने और जलभराव वाले इलाकों में बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है.
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