राजस्थान में बदला मौसम का मिजाज! 31 जुलाई को राज्यभर में भारी बारिश की चेतावनी; जानें अपने जिले का हाल

मोहित गुर्जर

• 04:42 PM • 30 Jul 2026

राजस्थान में मानसून की चाल तेज हो गई है। 31 जुलाई को राज्य भर में झमाझम बारिश के आसार हैं. कोटा, उदयपुर और आसपास के 10 जिलों में अतिभारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है. वहीं जोधपुर, जयपुर और बीकानेर संभाग में भी मूसलाधार बारिश और 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है.

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राजस्थान में मानसून एक बार फिर पूरी ताकत के साथ सक्रिय हो चुका है. राज्य के अधिकांश हिस्सों में बादलों की आवाजाही के बीच बारिश की गतिविधियां तेज हो गई हैं. मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, 31 जुलाई को प्रदेश के कई जिलों में मूसलाधार बारिश का दौर देखने को मिलेगा. विशेषकर दक्षिण-पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान के क्षेत्रों में बादलों की गरज और तेज हवाओं के साथ अतिभारी बारिश की संभावना जताई गई है.

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10 जिलों में अतिभारी बारिश की चेतावनी

मौसम विभाग ने दक्षिण-पूर्वी राजस्थान के उदयपुर और कोटा संभाग से जुड़े जिलों में भारी से अतिभारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. 31 जुलाई को बांसवाड़ा, बारां, चित्तौड़गढ़, डूंगरपुर, झालावाड़, कोटा, प्रतापगढ़, राजसमंद, सलूम्बर और उदयपुर जिलों में मूसलाधार बारिश होने का अनुमान है. इस दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और वज्रपात की भी आशंका है.

इसके अलावा अजमेर, अलवर, भीलवाड़ा, भरतपुर, जयपुर, सीकर, सिरोही और टोंक समेत पूर्वी राजस्थान के अन्य अधिकांश जिलों में मेघगर्जन के साथ मध्यम से भारी बारिश का सिलसिला बना रहेगा.

बीकानेर और जोधपुर संभाग में बढ़ेगी बारिश

पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर और जोधपुर संभाग में भी 31 जुलाई से मानसून का असर ज्यादा देखने को मिलेगा. जोधपुर संभाग के दक्षिणी इलाकों—बालोतरा, बाड़मेर, जालोर, जोधपुर और पाली में तेज झोंकेदार हवाओं के साथ भारी वर्षा का अलर्ट जारी किया गया है. वहीं जैसलमेर, बीकानेर, नागौर, चूरू, हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर में भी गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है.

क्यों बनी ऐसी स्थिति?

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस समय छत्तीसगढ़ और उससे सटे महाराष्ट्र-मध्य प्रदेश के ऊपर एक गहरा अवदाब (डीप डिप्रेशन) बना हुआ है, जो धीरे-धीरे उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है. इसके साथ ही मानसूनी ट्रफ लाइन जैसलमेर से होकर गुजर रही है और उत्तर हरियाणा पर एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र सक्रिय है. इन मानसूनी प्रणालियों के संयुक्त प्रभाव से पूरे राजस्थान में मानसून व्यापक रूप से असर दिखा रहा है.