'जीजा जी, मैं आपकी साली बोल रही हूं...', आवाज लड़की की, काम ठगी का; राजस्थान में अनोखा फ्रॉड

Rajasthan: सवाई माधोपुर में सोशल मीडिया के जरिए रिश्तेदारों की जानकारी जुटाकर लड़की की आवाज में ठगी करने वाले एक शातिर अपराधी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. यह आरोपी फेसबुक और इंस्टाग्राम पर शादी-सगाई की पोस्ट देखकर लोगों को चुनता था और फिर खुद को 'साली' बताकर पैसे ऐंठ लेता था.

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सुनील जोशी

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राजस्थान के सवाई माधोपुर में साइबर क्राइम का एक अनोखा और हैरान करने वाला मामला सामने आया है. यहां एक ऐसा ठग पुलिस के हत्थे चढ़ा है जो सोशल मीडिया के जरिए लोगों के पारिवारिक रिश्तों की कुंडली निकालता था. इसके बाद लड़की की आवाज में फोन कर खुद को 'साली' बताता और मीठी-मीठी बातों के जाल में फंसाकर मोटी रकम ठग लेता था. पुलिस ने इस शातिर जालसाज को बारां जिले से दबोचा है.

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ऐसे खुला ठगी का यह अनोखा खेल

इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब सवाई माधोपुर की एसपी ऑफिस से कोतवाली थाना पुलिस को कुछ संदिग्ध बैंक खातों (म्यूल अकाउंट्स) की एक लिस्ट मिली. इन खातों में होने वाले लेनदेन पर पुलिस को शक था. जब पुलिस ने साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 के जरिए इन खातों की पड़ताल की, तो पता चला कि इनके खिलाफ ठगी की 10 शिकायतें पहले से ही दर्ज थीं. इसके बाद 27 अप्रैल को कोतवाली थाने में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई.

फेसबुक-इंस्टाग्राम के कमेंट्स से बुनता था जाल

पुलिस जांच में इस ठग के काम करने का जो तरीका सामने आया, वह हर सोशल मीडिया यूजर को सतर्क करने वाला है. आरोपी फेसबुक और इंस्टाग्राम पर लोगों की शादी, सगाई या पारिवारिक समारोह की तस्वीरों को ढूंढता था. इसके बाद वह उन पोस्ट पर आए कमेंट्स को ध्यान से पढ़ता था. कमेंट्स के जरिए वह यह पता लगा लेता था कि जीजा-साली या अन्य रिश्तेदारों के आपस में कैसे संबंध हैं और उनके नाम क्या हैं.

पूरी जानकारी जुटाने के बाद वह पीड़ित को फोन लगाता था. फोन पर वह अपनी आवाज बदलकर लड़की जैसी बना लेता था. इसके बाद बेहद अपनेपन से कहता, "जीजा जी, मैं आपकी साली बोल रही हूं...". बातों-बातों में वह पीड़ित का भरोसा जीतता और कोई न कोई मजबूरी बताकर अपने खातों में पैसे ट्रांसफर करवा लेता था.

बारां से हुआ गिरफ्तार, पहले भी पकड़ा जा चुका है एक साथी

कोतवाली थाना प्रभारी मदनलाल मीणा ने बताया कि इस मामले में पुलिस ने पहले एक आरोपी नरेंद्र सैनी को गिरफ्तार किया था. लेकिन इस गिरोह का मुख्य चेहरा गणेश उर्फ दिलखुश फरार चल रहा था. पुलिस की टीमें लगातार उसकी लोकेशन ट्रैक कर रही थीं. आखिरकार पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी गणेश को बारां जिले से गिरफ्तार कर लिया.

यह पूरी कामयाबी एसपी ज्येष्ठा मैत्रेयी के निर्देशन, एएसपी विजय सिंह मीणा और सीओ सिटी उदय सिंह मीणा की निगरानी में थाना प्रभारी मदनलाल मीणा के नेतृत्व वाली टीम को मिली है. फिलहाल पुलिस आरोपी से कड़ाई से पूछताछ कर रही है ताकि यह साफ हो सके कि उसने अब तक कितने लोगों को अपनी इस 'मधुर आवाज' के जाल में फंसाकर चूना लगाया है.

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