उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने सूबे के सियासी गलियारों में भूचाल ला दिया है. चंदौली में समाजवादी पार्टी (सपा) महिला सभा की जिला अध्यक्ष गार्गी पटेल के घर में घुसकर कुछ लोगों ने उनके और उनके बच्चों के साथ बेरहमी से मारपीट की. इस पूरी घटना का एक सीसीटीवी (CCTV) फुटेज भी सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है, जिसमें हमलावर महिला नेता को बेरहमी से पीटते और घसीटते हुए नजर आ रहे हैं. इस घटना के बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति गरमा गई है और कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर सीधा हमला बोला है.
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क्या है पूरा मामला और क्यों हुई मारपीट?
यह पूरी घटना चंदौली के मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के मढ़िया गांव की है. पीड़ित सपा नेता गार्गी पटेल के मुताबिक, उनका अपने बिजनेस पार्टनर प्यारेलाल यादव (जो कि पूर्व ब्लॉक प्रमुख हैं) के साथ जमीन और पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद चल रहा था. गुरुवार सुबह प्यारेलाल यादव जमीन के सिलसिले में बात करने गार्गी पटेल के घर पहुंचे थे.
इसी दौरान उनके पीछे प्यारेलाल यादव की पत्नी, बेटी और दोनों बेटे भी वहां धमक पड़े. घर में घुसते ही इन लोगों ने गार्गी पटेल के बच्चों और उनके साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी. सीसीटीवी फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि हमलावर गार्गी पटेल के बाल पकड़कर उन्हें जमीन पर घसीट रहे हैं और लात-घूंसों से पीट रहे हैं. गार्गी पटेल का आरोप है कि उनकी जमीन और पैसे हड़पने की नीयत से एक सोची-समझी साजिश के तहत इस वारदात को अंजाम दिया गया है. मारपीट में घायल महिला नेता को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
घटना की जानकारी मिलते ही मुगलसराय कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और पीड़िता की तहरीर के आधार पर पूर्व ब्लॉक प्रमुख के परिवार सहित कुल 5 लोगों के खिलाफ नामजद मुकदमा पंजीकृत कर लिया है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती जांच में मामला बिजनेस और पैसे के लेन-देन के विवाद का लग रहा है. पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मामले की गहराई से जांच कर रही है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है.
ओपी राजभर ने अखिलेश यादव पर साधा निशाना
इस घटना का वीडियो वायरल होने के बाद सुभासपा (SBSP) प्रमुख और योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर पोस्ट कर अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी को आड़े हाथों लिया. राजभर ने सपा के 'पीडीए' (PDA) यानी पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक के नारे को पूरी तरह झूठा करार दिया.
राजभर ने लिखा:
"चंदौली में आपकी पार्टी की महिला जिला अध्यक्ष गार्गी सिंह पटेल को घर में घुसकर बाल पकड़ कर घसीटा गया, आपकी स्वजातीय सपाई गुंडों द्वारा लात-घूंसों से पीटा गया, टेबल उठाकर सिर फोड़ा गया मगर आप और आपका पूरा लाल टोपी गैंग बस तमाशा देखता रहा. आपकी पार्टी में ना प्रजापति समाज सुरक्षित है और ना ही कुर्मी. क्या ऐसे ही आप परिवारवादी, यादववादी लोग महिलाओं का सम्मान करते हैं?"
राजभर ने आगे कहा कि समाजवादी पार्टी अब केवल 'एक जाति विशेष के गैंग' की पार्टी बनकर रह गई है और वहां गैर-यादव पिछड़ों और दलितों का केवल अपमान होता है. इस घटना के बाद से ही सपा और सुभासपा के बीच सोशल मीडिया पर जुबानी जंग तेज हो गई है.
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