संगम नगरी प्रयागराज एक बार फिर गोलियों की तड़तड़ाहट से थर्रा उठी है. माफिया अतीक अहमद के भाई अशरफ अहमद के पूर्व गनर और करीबी रहे इरफान गद्दी की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई है. यह वारदात करेली थाना क्षेत्र के गौस नगर इलाके में हुई, जहां बाइक सवार बदमाशों ने बीच सड़क पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर इरफान को मौत के घाट उतार दिया.
ADVERTISEMENT
चाय की दुकान के पास बदमाशों ने घेरा
जानकारी के मुताबिक, इरफान गद्दी अपने घर से कुछ ही दूरी पर स्थित मक्का मस्जिद के पास एक चाय की दुकान पर पहुंचा था. तभी दो बाइकों पर सवार तीन नकाबपोश बदमाश वहां पहुंचे. इससे पहले कि इरफान कुछ समझ पाता, बदमाशों ने उसे निशाना बनाकर फायरिंग शुरू कर दी. गोली सीधे इरफान के सीने में लगी और वह लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ा. वारदात को अंजाम देने के बाद हमलावर मौके से फरार हो गए.
अस्पताल ले जाते समय तोड़ा दम
स्थानीय लोगों की मदद से घायल इरफान को तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसे स्वरूप रानी अस्पताल (SRN) रेफर कर दिया गया. हालांकि, डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. इरफान की उम्र करीब 45 से 50 वर्ष बताई जा रही है. वर्तमान में वह प्रॉपर्टी डीलिंग का काम करता था.
पुरानी रंजिश और जमीन विवाद का शक
इरफान गद्दी का अतीत माफिया अतीक अहमद के गैंग से जुड़ा रहा है. वह अतीक के भाई अशरफ अहमद का शार्प शूटर और गनर रह चुका था. पुलिस की शुरुआती जांच में इस हत्याकांड के पीछे पुरानी रंजिश या प्रॉपर्टी से जुड़ा जमीनी विवाद मुख्य कारण माना जा रहा है. डीसीपी मनीष कुमार शांडिल्य ने बताया कि आरोपियों की धरपकड़ के लिए पुलिस की 5 टीमें गठित की गई हैं.
पुलिस जांच और सीसीटीवी फुटेज
वारदात की सूचना मिलते ही भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा. पुलिस आसपास के इलाकों के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है ताकि हमलावरों की पहचान की जा सके. पुलिस मैनुअल इंटेलिजेंस के जरिए भी आरोपियों तक पहुँचने का प्रयास कर रही है. प्रयागराज की सड़कों पर दिनदहाड़े हुई इस वारदात ने कानून व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
ADVERTISEMENT


