मथुरा में फरसा वाले बाबा की जिस ट्रक से हुई मौत, पुलिस को उसके अंदर ये सब मिला, देखें वीडियो

Mathura Farsa Wale Baba: उत्तर प्रदेश के मथुरा में मशहूर गौ रक्षक संत चंद्रशेखर उर्फ फरसा वाले बाबा की मौत के बाद कोहराम मच गया. समर्थकों ने गौ तस्करों पर हत्या का आरोप लगाया, वहीं पुलिस ने जांच के बाद इसे घने कोहरे के कारण हुआ सड़क हादसा बताया है.

Farsa Baba Mathura Case
Farsa Baba Mathura Case

मदन गोपाल

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Farsa Baba Mathura Case: उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में 'फरसा वाले बाबा' के नाम से मशहूर गौ रक्षक संत चंद्रशेखर की हुई मौत से पूरे इलाके में उबाल है. घटना की खबर मिलते ही हजारों की संख्या में उनके अनुयायी और गौ रक्षक सड़कों पर उतर आए. शुरुआत में यह खबर फैली कि गौ तस्करों ने बाबा की बाइक पर गाड़ी चढ़ाकर उन्हें जानबूझकर मार डाला है. इस दावे के बाद लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने दिल्ली-आगरा हाईवे पर शव रखकर जाम लगा दिया, जिससे कई किलोमीटर तक यातायात पूरी तरह ठप हो गया.

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पुलिस की थ्योरी: गौ तस्करी नहीं, कोहरे में टकराए ट्रक

आगरा रेंज के डीआईजी शैलेश कुमार पांडे ने इस मामले की एक अलग थ्योरी पेश की है. डीआईजी के अनुसार यह घटना हत्या नहीं, एक हादसा है. दरअसल, 21 मार्च की सुबह बहुत घना कोहरा छाया था. पुलिस ने बताया कि बाबा ने शक के आधार पर एक ट्रक को रुकवाया तभी पीछे से आ रहे एक अन्य ट्रक ने अनियंत्रित होकर टक्कर मार दी. इस भिड़ंत में बाबा गंभीर रूप से घायल हो गए और उनकी मौके पर ही मृत्यु हो गई. पुलिस ने साफ किया है कि उन ट्रकों की तलाशी में कोई भी गोवंश या प्रतिबंधित मांस नहीं मिला, बल्कि उनमें सामान्य सामान (जनरल कार्गो) लदा हुआ था.

पुलिस को छोड़ने पड़े आंसू गैस के गोले

डीआईजी ने बताया कि हादसे के बाद जब भीड़ ने हाईवे जाम किया तो स्थिति काफी तनावपूर्ण हो गई. छाता क्षेत्र में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक हुई. कुछ उपद्रवियों ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया, जिसके जवाब में प्रशासन को भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले और शेल्स छोड़ने पड़े. पुलिस ने मौके से वीडियोग्राफी कराई है ताकि पथराव करने वाले अराजक तत्वों की पहचान की जा सके. प्रशासन का कहना है कि कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी.

दो ट्रक ड्राइवर को पुलिस ने लिया हिरासत में

पुलिस ने इस घटना से जुड़े हुए दो ट्रक ड्राइवरों को पकड़ लिया है. पुलिस का कहना है कि मामले में दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज की जा रही हैं. पहली बाबा की मौत से संबंधित सड़क हादसे की और दूसरी हाईवे पर जाम लगाकर हंगामा और पथराव करने वाले उपद्रवियों के खिलाफ. एसएसपी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी लगातार मौके पर बने हुए हैं और लोगों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं कि पुलिस केवल साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर ही कार्रवाई आगे बढ़ा रही है.

भरोसे और दावों के बीच फंसी जांच की गुत्थी

भले ही पुलिस इसे हादसा बता रही हो लेकिन बाबा के समर्थकों में अब भी भारी रोष है. समर्थकों का कहना है कि बाबा तड़के 4 बजे अपनी मोटरसाइकिल से संदिग्धों का पीछा करने निकले थे और यह कोई सामान्य एक्सीडेंट नहीं हो सकता. फिलहाल मथुरा में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और हाईवे पर यातायात बहाल करने के प्रयास जारी हैं. पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाह पर भरोसा न करें और शांति बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें.

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