Suvendu Adhikari PA Murder Case: पश्चिम बंगाल के नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की सनसनीखेज हत्या के मामले में हर दिन नए और चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं. इस केस का 'यूपी कनेक्शन' अब एक ऐसी पहेली बन गया है जिसने पश्चिम बंगाल से लेकर उत्तर प्रदेश तक की पुलिस को उलझा दिया है. जहां कोलकाता पुलिस की एसआईटी (SIT) दावा कर रही है कि उनके पास आरोपी राज सिंह के खिलाफ पुख्ता सबूत हैं, वहीं राज सिंह के परिवार ने एक सीसीटीवी फुटेज जारी कर इस दावे को चुनौती दे दी है.
ADVERTISEMENT
सीसीटीवी ने बदला पूरा खेल?
हाल ही में सामने आए एक सीसीटीवी फुटेज ने इस हत्याकांड की पूरी थ्योरी पर सवाल खड़े कर दिए हैं. इस फुटेज के मुताबिक, जिस दिन पश्चिम बंगाल में चंद्रनाथ रथ की हत्या हुई थी, उसी दिन आरोपी राज सिंह उत्तर प्रदेश के बलिया में अपने घर पर मौजूद था. फुटेज में 6 मई की तारीख और शाम 8:52 बजे का समय दिख रहा है, जिसमें राज सिंह अपनी बुलेट बाइक से घर पहुंचता हुआ नजर आ रहा है. राज सिंह की बहन दीपशिखा, जो खुद हाई कोर्ट में वकील हैं, ने इसके साथ ही एक दुकान का कैश मेमो भी पेश किया है, जिससे यह साबित करने की कोशिश की गई है कि राज सिंह उस दिन बलिया में खरीदारी कर रहा था.
कोलकाता पुलिस का दावा बनाम परिवार की दलील
कोलकाता पुलिस ने अयोध्या में एक जॉइंट ऑपरेशन के दौरान राज सिंह को गिरफ्तार किया था. पुलिस का कहना है कि राज सिंह वारदात के बाद अपनी पहचान छिपाकर अयोध्या में छिप रहा था. जांच अधिकारियों के मुताबिक, उनके पास डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य मौजूद हैं जो राज सिंह की उपस्थिति घटनास्थल के आसपास दर्शाते हैं. हालांकि, परिवार का कहना है कि राज सिंह को बलि का बकरा बनाया जा रहा है. बहन दीपशिखा का आरोप है कि उनका भाई पूरी तरह बेकसूर है और उसे राजनीतिक साजिश के तहत फंसाया जा रहा है.
क्या थी वारदात?
आपको बता दें कि शुभेंदु अधिकारी के करीबी चंद्रनाथ रथ की हत्या उत्तर 24 परगना के मध्यमग्राम में सरेराह गोली मारकर की गई थी. इस घटना ने बंगाल की राजनीति में हड़कंप मचा दिया था. पुलिस ने इस मामले में राज सिंह के अलावा मयंक मिश्रा और विक्की मौर्या को भी गिरफ्तार किया है. पुलिस अब इस बात की तहकीकात कर रही है कि इन शूटर्स को सुपारी किसने दी थी और इस हत्याकांड का असली मास्टरमाइंड कौन है.
अब सबकी नजरें अदालत और पुलिस की अगली चार्जशीट पर टिकी हैं. क्या सीसीटीवी फुटेज राज सिंह को बेगुनाह साबित करेगा या पुलिस के 'इलेक्ट्रॉनिक फुटप्रिंट्स' भारी पड़ेंगे? इस रहस्यमयी मर्डर मिस्ट्री ने पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है.
ADVERTISEMENT


