Swami Avimukteshwaranand FIR Update: ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती पर कोर्ट के आदेश के बाद प्रयागराज के झूसी थाने में वेद पाठी छात्रों के साथ यौन शोषण के आरोप में उन पर और उनके शिष्यों पर एफआईआर दर्ज हो चुकी है. इसी बीच अब वाराणसी के विद्या मठ आश्रम पहुंचे एक शख्स ने दावा किया है कि शंकराचार्य को फंसाने के लिए उन्हें आशुतोष ब्रह्मचारी ने प्रलोभन दिया था. शख्स ने आशुतोष ब्रह्मचारी को लेकर कई और चौंकाने वाले दावे किए हैं. शख्स ने क्या क्या खुलासे किए विस्तार से पढ़ें इस खबर में...
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लालच दिया गया, झूठे आरोप लगाने को कहा गया
दरअसल, शाहजहांपुर के रहने वाले एक व्यक्ति खुद चलकर अपनी पत्नी और तीन बेटियों के साथ वाराणसी आश्रम पहुंचे. यहां उन्होंने खुलासा किया कि 18 मार्च को कुछ अज्ञात लोग उनके घर आए और उनकी बात व्हाट्सएप कॉल के जरिए आशुतोष पांडेय (आशुतोष महाराज) से कराई. शख्स ने का दावा है कि आशुतोष महाराज ने उन्हें प्रलोभन दिया कि वे शंकराचार्य पर अपनी बेटियों के यौन शोषण का झूठा आरोप लगाएं. जब उन्होंने ऐसा करने से मना किया तो उन्हें गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी गई.
शपथपत्र पर हस्ताक्षर कराने की थी तैयारी
शख्स ने बताया कि आशुतोष पांडेय ने उन्हें कहा कि तुम्हें कहीं जाने की भी जरूरत नहीं थी. तुम्हें सिर्फ एक शपथपत्र यानी एफिडेविट पर साइन करने को कहा गया था जिसमें ये लिखा जाना था कि वाराणसी के विद्या मठ आश्रम में उनकी बच्चियों के साथ गलत काम हुआ है. उन्होंने बताया कि जब उन्होंने टीवी पर शंकराचार्य के खिलाफ मुकदमों की खबरें देखीं तो वे डर गए कि कहीं उनके नाम का गलत इस्तेमाल न हो जाए. इसी डर और सच्चाई बताने की इच्छा से वे परिवार समेत वाराणसी पहुंच गए.
गौ रक्षा की आवाज दबाने का षड्यंत्र
इस पूरे घटनाक्रम पर शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने इसे अपने खिलाफ एक बहुत बड़ा षड्यंत्र करार दिया. शंकराचार्य का कहना है कि वे लगातार गौ हत्या के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं इसलिए उन्हें बदनाम करने के लिए लोगों को प्रलोभन देकर खड़ा किया जा रहा है. उन्होंने शाहजहांपुर से आए परिवार की सुरक्षा पर भी चिंता जाहिर की और कहा कि विरोधियों के पास अगर कोई सबूत या सीडी है तो उसे सार्वजनिक क्यों नहीं किया जाता.
बातचीत के दौरान शंकराचार्य ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के उस बयान का भी समर्थन किया जिसमें उन्होंने कहा कि भाजपा हटाओ-सनातन बचाओ. उन्होंने कहा कि सनातन की सबसे बड़ी दुश्मन तो भाजपा ही बनी है और खासकर योगी आदित्यनाथ. अखिलेश यादव सही कह रहे है.
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