मछली की जगह जाल में फंसा 6.5 फीट लंबा घड़ियाल, ऊपर बैठकर फोटो खिंचवाने लगे मछुआरे

बिहार के भोजपुर जिले में गंगा नदी में मछली पकड़ने गए मछुआरों के जाल में एक विशालकाय घड़ियाल फंस गया। हैरानी की बात यह रही कि घड़ियाल को देखकर डरने के बजाय लोग उसके साथ सेल्फी और फोटो खिंचवाने लगे, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है।

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बिहार के भोजपुर जिले से एक बेहद हैरान करने वाला और अनोखा मामला सामने आया है, जहां गंगा नदी में मछली पकड़ने गए एक मछुआरे के जाल में मछली की जगह करीब साढ़े छह फीट लंबा घड़ियाल फंस गया. इस घटना का सबसे दिलचस्प और चौंकाने वाला पहलू यह रहा कि खतरनाक जलीय जीव को देखकर घबराने के बजाय लोग उसके ऊपर बैठकर फोटोशूट कराते नजर आए.

गंगा घाट पर मची सनसनी

मामला भोजपुर जिले के बबुरा थाना क्षेत्र स्थित कपूर दियारा गंगा घाट का है. रविवार की सुबह स्थानीय मछुआरे और गोताखोर अटमी बिंद रोज की तरह गंगा नदी में मछली पकड़ने के लिए जाल डाले हुए थे. कुछ देर बाद जब जाल में भारी हलचल हुई, तो उन्हें लगा कि कोई बड़ी मछली हाथ लगी है. लेकिन जैसे ही उन्होंने और अन्य लोगों ने मिलकर जाल खींचा, उनके होश उड़ गए. जाल के अंदर कोई मछली नहीं, बल्कि एक भारी-भरकम और विशालकाय घड़ियाल छटपटा रहा था.

घड़ियाल पर बैठकर खिंचवाई तस्वीरें

इतने बड़े जंगली और खतरनाक जीव को देखकर आमतौर पर लोगों के पसीने छूट जाते हैं, लेकिन यहां नजारा बिल्कुल अलग था. जाल में घड़ियाल के फंसने की खबर मिलते ही आसपास के ग्रामीणों की भारी भीड़ घाट पर जमा हो गई. लोग मोबाइल से वीडियो बनाने लगे. हद तो तब हो गई जब मछुआरे अटमी बिंद ने बिना किसी खौफ के उस खतरनाक घड़ियाल के ऊपर बैठकर तस्वीरें खिंचवानी शुरू कर दीं. उनका यह बेखौफ अंदाज और कॉन्फिडेंस सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है.

सुरक्षा को लेकर उठ रहे बड़े सवाल

स्थानीय लोगों के मुताबिक, यह घड़ियाल पिछले कई दिनों से गंगा नदी में देखा जा रहा था, जिससे नदी में जाने वाले ग्रामीणों और मछुआरों में पहले से ही डर का माहौल था. हालांकि, जानकारों का मानना है कि घड़ियाल जैसे जंगली जलीय जीव के साथ इस तरह की लापरवाही बरतना और उसके ऊपर बैठकर फोटो खिंचवाना जानलेवा साबित हो सकता है. थोड़ी सी भी असावधानी या घड़ियाल के अचानक आक्रामक होने पर बड़ा हादसा हो सकता था.

वन विभाग को दी गई सूचना

घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय समाजसेवी श्याम बाबू ने तुरंत इसकी सूचना वन विभाग को दी. ग्रामीणों ने मांग की है कि वन विभाग की टीम जल्द से जल्द मौके पर पहुंचे और इस घड़ियाल का सुरक्षित रेस्क्यू कर इसे किसी सुरक्षित स्थान या गहरे पानी में छोड़े. फिलहाल, ग्रामीण वन विभाग की टीम के आने का इंतजार कर रहे हैं.