क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी के मामा ने रचा इतिहास, सेल्फ स्टडी से क्रैक किया UPSC
समस्तीपुर के अभिषेक चौहान ने UPSC 2025 की परीक्षा में 102वीं रैंक हासिल की है. IIT गोल्ड मेडलिस्ट अभिषेक ने मल्टीनेशनल कंपनी की नौकरी छोड़कर सेल्फ स्टडी के जरिए यह सफलता पाई. वे क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी के मामा हैं.

संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा का परिणाम जारी हो गया है. इस बार बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीननगर निवासी अभिषेक चौहान ने शानदार सफलता हासिल की है. उन्होंने सेल्फ स्टडी के दम पर 102वीं रैंक प्राप्त की है. इस उपलब्धि के साथ ही अभिषेक के लिए आईपीएस अधिकारी बनने का रास्ता साफ हो गया है.
अभिषेक की सफलता की खबर सामने आते ही पूरे इलाके में खुशी की लहर दौड़ गई. परिवार और ग्रामीणों ने पटाखे फोड़कर जश्न मनाया और मिठाइयां बांटकर अपनी खुशी जाहिर की.
परिवार ने जताई खुशी, सोशल मीडिया पर दी बधाई
अभिषेक चौहान, वैभव सूर्यवंशी के मामा हैं. वैभव के पिता संजीव सूर्यवंशी ने सोशल मीडिया पर अभिषेक के साथ तस्वीर साझा करते हुए लिखा कि यह पूरे परिवार के लिए गर्व का क्षण है. उन्होंने कहा कि उनके साले अभिषेक चौहान ने UPSC 2026 में 102वीं रैंक हासिल कर परिवार और जिले का नाम रोशन किया है.
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समस्तीपुर के राजाजान गांव के रहने वाले हैं अभिषेक
अभिषेक चौहान का संबंध समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीननगर प्रखंड के राजाजान गांव से है. उनके पिता प्रो. डॉ. अभय कुमार सिंह और माता अनुराधा राजपूत हैं. अभिषेक का जन्म 18 नवंबर 1999 को पूसा के एक अस्पताल में हुआ था.
शुरुआती पढ़ाई से ही रहे मेधावी
अभिषेक बचपन से ही पढ़ाई में तेज रहे हैं. उनकी प्रारंभिक शिक्षा आरके मिशन, पुरुलिया से हुई. इसके बाद उन्होंने दसवीं पास करने के बाद गुरु वशिष्ठ स्कूल, हाजीपुर से इंटरमीडिएट की पढ़ाई पूरी की.
आगे की पढ़ाई के लिए अभिषेक ने आईआईटी में दाखिला लिया, जहां उन्होंने जियोलॉजी विषय में इंटीग्रेटेड एमटेक किया. पढ़ाई में शानदार प्रदर्शन के कारण उन्हें गोल्ड मेडल भी मिला.
मल्टीनेशनल कंपनी की नौकरी छोड़ी
एमटेक पूरा करने के बाद अभिषेक को एक मल्टीनेशनल कंपनी में नौकरी मिली थी. हालांकि देश सेवा का सपना देखते हुए उन्होंने सिर्फ छह महीने बाद ही नौकरी छोड़ दी और सिविल सेवा की तैयारी शुरू कर दी.
बिना कोचिंग के की UPSC की तैयारी
अभिषेक ने किसी बड़े कोचिंग संस्थान का सहारा नहीं लिया. उन्होंने 2022 से सेल्फ स्टडी के जरिए UPSC की तैयारी शुरू की. हाजीपुर में रहकर लगातार पढ़ाई की और बीच-बीच में कुछ विशेषज्ञों से मार्गदर्शन भी लिया.
पहली ही कोशिश में मिली बड़ी सफलता
लगातार मेहनत का नतीजा यह रहा कि 2025 में उन्होंने पहली बार UPSC की प्रारंभिक (Prelims) और मुख्य (Mains) परीक्षा पास की. इसके बाद इंटरव्यू में भी उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया.
जब शुक्रवार को UPSC का अंतिम परिणाम जारी हुआ तो अभिषेक चौहान ने 102वीं रैंक हासिल की, जिससे उनका चयन भारतीय पुलिस सेवा (IPS) के लिए लगभग तय माना जा रहा है.
गांव में जश्न का माहौल
रिजल्ट आने के बाद अभिषेक के घर और गांव में उत्सव जैसा माहौल बन गया. ग्रामीणों ने सड़कों पर आतिशबाजी की, जबकि परिवार के लोगों ने मिठाइयां बांटकर खुशी मनाई.
मामा-भांजा दोनों कर रहे नाम रोशन
स्थानीय लोगों के बीच यह चर्चा भी हो रही है कि जहां भांजा वैभव सूर्यवंशी क्रिकेट के मैदान पर शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं, वहीं मामा अभिषेक चौहान ने UPSC में सफलता हासिल कर जिले का गौरव बढ़ाया है.
अभिषेक के पिता प्रो. डॉ. अभय कुमार सिंह, जो वर्तमान में नालंदा खुला विश्वविद्यालय में रजिस्ट्रार हैं, उन्होंने भी बेटे की सफलता पर खुशी जताई है.










