पानीपत में 7 साल की बहन की गोद से 7 माह के भाई को छीन ले गए किडनैपर, बचाने के लिए पीछे भागती रही मासूम!
Panipat Kidnapping Case: हरियाणा के पानीपत से दिल दहला देने वाली किडनैपिंग की घटना सामने आई है, जहां बाइक सवार बदमाशों ने 7 साल की बहन की गोद से 7 महीने के मासूम हिमांशु का अपहरण कर लिया. बहन ने भाई को बचाने के लिए किडनैपरों से संघर्ष किया और उनके पीछे दौड़ती रही, लेकिन आरोपी बच्चे को लेकर फरार हो गए.

हरियाणा के पानीपत जिले से एक रूह कंपा देने वाली अपहरण की वारदात सामने आई है. शहर के ऐतिहासिक काला अंब रोड पर स्थित झुग्गी-झोपड़ियों से बाइक सवार बदमाशों ने महज 7 महीने के मासूम हिमांशु का अपहरण कर लिया.किडनैपर्स ने इस वारदात को तब अंजाम दिया जब बच्चा अपनी 7 साल की बड़ी बहन आशियाना की गोद में था. मासूम बहन अपने भाई को बचाने के लिए बदमाशों के चंगुल से संघर्ष करती रही और उनके पीछे भागती रही, लेकिन किडनैपर जबरदस्ती बच्चे को छीनकर फरार हो गए. आइए विस्तार से जानते है पूरी कहानी.
लालच काम न आया तो बदमाशों ने दिखाई दरिंदगी
जानकारी के मुताबिक पीड़ित परिवार मूल रूप से राजस्थान के अलवर जिले का रहने वाला है, लेकिन पिछले काफी समय से पानीपत के काला अंब रोड पर खाली पड़े एक प्लॉट में झुग्गी-झोपड़ी डालकर रह रहा है. बच्चे की नानी ने बताया कि शनिवार को मासूम हिमांशु के माता-पिता, काजल और सुंदर, पास के ही एक कार्यक्रम में ढोलक बजाने गए हुए थे.
घर पर सिर्फ बच्चे ही मौजूद थे और 7 साल की आशियाना अपने छोटे भाई को संभाल रही थी. दोपहर के वक्त बाइक पर सवार दो युवक वहां पहुंचे और उन्होंने आशियाना को कुरकुरे और बिस्किट का लालच देकर बच्चा उन्हें सौंपने को कहा. जब बहादुर बहन ने उनकी बात मानने से साफ इनकार कर दिया, तो बदमाशों ने अपनी असलियत दिखाई और जबरदस्ती शुरू कर दी.
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भाई को बचाने के लिए जान लगा दी
बदमाशों के इरादे भांपकर 7 साल की आशियाना अपने 7 महीने के भाई को गोद में लेकर वहां से भागने लगी. वह चीखती-चिल्लाती रही, लेकिन सुनसान जगह का फायदा उठाकर किडनैपरों ने उसे पकड़ लिया और उसकी गोद से मासूम हिमांशु को बेरहमी से झपट लिया. आशियाना ने अंत तक हार नहीं मानी और बदमाशों के पीछे दौड़ती रही, पर बाइक सवार अपराधी पलक झपकते ही गलियों से ओझल हो गए. बताया जा रहा है कि आरोपी पिछले दो दिनों से इलाके की रेकी कर रहे थे और उन्हें पूरी जानकारी थी कि किस समय बच्चे घर पर अकेले होते हैं.
परिवार का रो-रोकर बुरा हाल
जैसे ही माता-पिता को इस भयानक घटना की जानकारी मिली, उनके पैरों तले जमीन खिसक गई. मां काजल का रो-रोकर बुरा हाल है और वह बार-बार बेहोश हो रही है, वहीं पिता सुंदर की आंखों के आंसू नहीं थम रहे हैं.
पुलिस ने की भारी नाकेबंदी
घटना की सूचना मिलते ही डीएसपी सुरेश सैनी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी. पुलिस ने पूरे जिले में नाकेबंदी कर दी है और आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है. डीएसपी सुरेश सैनी का कहना है कि पुलिस की कई टीमें इस केस पर काम कर रही हैं और जल्द ही आरोपियों को पकड़कर बच्चे को सुरक्षित बरामद कर लिया जाएगा.










