बीजेपी को मध्य प्रदेश में लग सकता है बड़ा झटका! पार्टी के होश उड़ा देगा लेटेस्ट सर्वे
MP Election 2023: मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए वोटिंग 17 नवंबर को होनी है और 3 नवंबर को रिजल्ट आएगा. बीते 6 महीने में आए कई ओपिनियिन पोल से मिले संकेतों से जाहिर होता है कि मध्यप्रदेश में बीजेपी की सरकार बन रही है या कांग्रेस की. अब एक ओर लेटेस्ट सर्वे सामने आया है. […]
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MP Election 2023: मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए वोटिंग 17 नवंबर को होनी है और 3 नवंबर को रिजल्ट आएगा. बीते 6 महीने में आए कई ओपिनियिन पोल से मिले संकेतों से जाहिर होता है कि मध्यप्रदेश में बीजेपी की सरकार बन रही है या कांग्रेस की. अब एक ओर लेटेस्ट सर्वे सामने आया है. जी न्यूज-सी फॉर सर्वे के ओपिनियन पोल, जिसकी रिपोर्ट बता रही है कि इस बार बीजेपी को करारा झटका लगने जा रहा है और कांग्रेस की पूर्ण बहुमत वाली सरकार बनने जा रही है. ये सर्वे सत्ता में वापसी की राह देख रही बीजेपी को बड़ा झटका लग सकता है. इससे पहले आए एबीपी-सी वोटर्स के सर्वे ने भी कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत दिया था. ऐसे में जहां कांग्रेस के लिए खुश होने वाली स्थिति है, वहीं बीजेपी के लिए बुरी खबर की तरह है.
मध्यप्रदेश के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को 132 से 146 सीटें मिलती दिखाई दे रही हैं. वहीं बीजेपी इस सर्वे में बुरी तरह से पिछड़ रही है. बीजेपी को 84 से 98 सीटें मिलने की संभावना जताई गई है. अन्य को भी 0 से 5 सीटें मिल सकती हैं. वोट प्रतिशत के मामले में भी इस ओपिनियन पोल में बताया गया है कि कांग्रेस को 46 प्रतिशत वोट मिल सकते हैं. वहीं बीजेपी को 43 प्रतिशत और अन्य को 11 प्रतिशत वोट शेयर मिल सकता है.
दो रीजन में बीजेपी, तीन में कांग्रेस को बढ़त
जी न्यूज-सी फॉर सर्वे ने प्रत्येक रीजन वाइज भी ओपनियिन पोल किया है. जिसमें बीजेपी को सिर्फ भोपाल और मालवा रीजन में बढ़त लेते हुए दिखाया गया है लेकिन शेष निमाड़, ग्वालियर-चंबल, बघेलखंड, बुंदेलखंड सहित सभी रीजन में कांग्रेस को बढ़त लेते हुए दिखाया गया है. बढ़त भी ऐसी है कि इस बार कांग्रेस को ही पूर्ण बहुमत लेते हुए दिखा रहे हैं.
सर्वे में किस पार्टी को कितनी सीटें
कांग्रेस- 132 से 146
भाजपा- 84 से 98
अन्य- 0 से 5
वोट शेयर में ज्यादा अंतर नहीं
लेटेस्ट सर्वे रिपोर्ट में अगर हम वोट शेयर की बात करें तो इसमें ज्यादा अंतर नहीं है. कांग्रेस को जहां 46 फीसदी वोट मिल रहा है, वहीं भाजपा थोड़ा कम 43 फीसदी वोट हासिल कर रही है. अन्य दल भी इसमें 11 फीसदी शेयर के साथ अच्छी धमक दिखाई है. मतलब क्षेत्रीय दलों को भी कम करके नहीं आंकना चाहिए. वह कुछ सीटों पर निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं.
वोट प्रतिशत
कांग्रेस – 46 प्रतिशत
भाजपा – 43 प्रतिशत
अन्य – 11 प्रतिशत
