'सुबह 6 बजे से काम में जुट जाते थे...', अजीत पवार को याद करते हुए इंटरव्यू के बीच छलक उठे प्रियंका चतुर्वेदी के आंसू
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार का बारामती में विमान हादसे में निधन हो गया. यह खबर सुनने के बाद शिवसेना सांसद प्रियंका चतुर्वेदी लाइव इंटरव्यू में भावुक होकर रो पड़ीं.

Priyanka Chaturvedi Emotional: महाराष्ट्र की राजनीति के लिए आज का दिन बेहद दुखद रहा. राज्य के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार का पुणे के बारामती में एक चार्टर विमान हादसे में निधन हो गया. इस खबर ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है. शिवसेना (UBT) की सांसद प्रियंका चतुर्वेदी इस खबर को सुनकर लाइव इंटरव्यू के दौरान ही रो पड़ीं. उन्होंने इसे महाराष्ट्र के लिए एक ऐसा नुकसान बताया जिसकी भरपाई नामुमकिन है.
लाइव इंटरव्यू में छलके प्रियंका के आंसू
मीडिया से बातचीत के दौरान प्रियंका चतुर्वेदी काफी भावुक नजर हो गई. उन्होंने कहा कि अजीत पवार के पास महाराष्ट्र की प्रगति के लिए बहुत बड़े और स्पष्ट विचार थे.
प्रियंका ने उनके काम करने के जुनून को याद करते हुए कहा, "वे सुबह 6 बजे से देर रात तक जनता के लिए काम करते थे. भले ही हम राजनीतिक रूप से विरोधी रहे हों, लेकिन उनकी मेहनत का लोहा हर कोई मानता था." बातचीत के दौरान वे इतनी दुखी हो गईं कि उन्हें कुछ देर के लिए इंटरव्यू रोकना पड़ा.
यह भी पढ़ें...
कैसे हुआ हादसा?
यह हादसा बुधवार सुबह बारामती एयरपोर्ट पर हुआ. अजीत पवार 'लियरजेट 45' विमान में सवार थे. जानकारी के मुताबिक, लैंडिंग के समय विमान क्रैश हो गया. इस हादसे में अजीत पवार के साथ उनके सुरक्षा अधिकारी और क्रू मेंबर्स समेत कुल 5 अन्य लोगों की भी जान चली गई है. नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने पुष्टि की है कि हादसे में विमान में सवार कोई भी व्यक्ति जीवित नहीं बचा है.
पवार परिवार के प्रति संवेदनाएं
प्रियंका चतुर्वेदी ने शरद पवार, सुप्रिया सुले और अजीत पवार के परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की. उन्होंने कहा कि शरद पवार उन्हें बेटे की तरह मानते थे और सुप्रिया सुले के साथ उनका रिश्ता बेहद खास था.
जांच के आदेश जारी
इस भीषण हादसे के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से बात कर घटना की जानकारी ली है. हादसे की असल वजह क्या थी, इसकी जांच के लिए तकनीकी टीमें मौके पर पहुंच गई हैं. फिलहाल पूरे महाराष्ट्र और खासकर बारामती में सन्नाटा पसरा हुआ है.
यह भी पढ़ें:
6 बार डिप्टी सीएम और 7 बार विधायक, ऐसा रहा अजित पवार का सियासी सफर










