Shesh Bharat: जब 28 साल के छात्र नेता धर्मेंद्र प्रधान ने हिला दी थी कांग्रेस सरकार, पढ़ें 1997 का वो किस्सा
वर्ष 1997 में ओडिशा में ABVP छात्र नेता के रूप में धर्मेंद्र प्रधान ने पेपर लीक के खिलाफ उग्र आंदोलन किया था, जहां पुलिस लाठीचार्ज में घायल होकर वे चर्चित नेता बने. आज वही धर्मेंद्र प्रधान देश के शिक्षा मंत्री हैं और NEET-UG पेपर लीक विवाद को लेकर चौतरफा घिरे हुए हैं.
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dharmendra pradhan
मोदी सरकार को घेरने के लिए जब राहुल गांधी 152 पेपर लीक का पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन देते हैं तब शायद उसमें उस पेपर लीक का जिक्र नहीं होगा जो 1997 में ओडिशा में हुआ था. तब राज्य में कांग्रेस की सरकार हुआ करती थी और जानकी वल्लभ पटनायक सीएम थे. उन दिनों धर्मेंद्र प्रधान उत्कल यूनिवर्सिटी के 28 साल के छात्र नेता और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के राष्ट्रीय सचिव हुआ करते थे. NEET-UG पेपर लीक मामले के बीच धर्मेंद्र प्रधान के 1997 में पेपर लीक के खिलाफ किए गए आंदोलन की चर्चा तेज हुई है.
