राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की हत्या, कौन थे ये, इनकी पूरी कहानी जानिए
राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की राजस्थान की राजधानी जयपुर में गोली मारकर हत्या कर दी गई. हमलावरों ने जब उनपर फायरिंग की तब वह जयपुर स्थित श्यामनगर के अपने घर पर ही मौजूद थे.

Sukdev Singh Gogamedi Murder Rajasthan: राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की राजस्थान की राजधानी जयपुर में गोली मारकर हत्या कर दी गई. हमलावरों ने जब उनपर फायरिंग की तब वह जयपुर स्थित श्यामनगर के अपने घर पर ही मौजूद थे. उनकी हत्या के सीसीटीवी फुटेज में देखा जा सकता है.
#WATCH राजस्थान: राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की आज जयपुर में अज्ञात बाइक सवार अपराधियों ने गोली मारकर हत्या कर दी।
(सीसीटीवी वीडियो की पुष्टि पुलिस द्वारा की गई है।) pic.twitter.com/KdKj3iYU1R
— ANI_HindiNews (@AHindinews) December 5, 2023
राजपूत करणी सेना के राष्ट्रीय संयोजक अजीत सिंह मामडोली के मुताबिक चार हत्यारे गोगामेड़ी से मिलने के लिए आए थे. चाय पीने के बाद उन्होंने उन पर ओपन फायर कर दिया. उसके बाद सुखदेव सिंह को अस्पताल ले जाया गया जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया. वहीं हत्या की जिम्मेदारी लॉरेंस बिस्नोई ग्रुप के रोहित गोदारा ने ली है. इससे पहले उसका नाम सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड में भी सामने आया था. लॉरेंस बिस्नोई एक भारतीय गैंग्सटर है. फिलहाल वह दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद है. उसके ग्रुप की तरफ से अक्सर सलमान खान की हत्या की धमकी दी जाती रही है.
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राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष थे गोगामेड़ी
सुखदेव सिंह गोगामेड़ी पहले करणी सेना के ही सदस्य थे. लेकिन, करणी सेना से विवाद के चलते उन्होंने नया संघठन राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना बनाई थी. गोगामेड़ी राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में एक गांव है. सुखदेव सिंह ने अपने गांव के नाम को ही अपने नाम के साथ जोड़ लिया था.
पद्मावत का विरोध कर आए थे चर्चा में
जनवरी 2017 में संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावत की शूटिंग के दौरान काफी बवाल मचा था. राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के लोगों ने जयपुर में फिल्म के सेट पर काफी तोड़फोड़ की थी. वहीं गोगामेड़ी ने फिल्म के निर्माण को लेकर काफी तीखी प्रतिक्रियाएं दी थी जिन्होंने काफी सुर्खियां बटोरी थीं.
आनंदपाल एनकाउंटर की जांच कराने की मांग को लेकर रहे थे मुखर
24 जून 2017 को राजस्थान में चुरू जिले के मालासर गांव में 10 लाख के इनामी गैंग्सटर आनंदपाल की एनकाउंटर में मौत हो गई थी. जिसके बाद पूरे राजस्थान में राजपूत समाज की ओर से विरोध प्रदर्शन हुए. वह इसे एनकाउंटर नहीं बल्कि हत्या मानते आए हैं. सुखदेव सिंह गोगामेड़ी भी आनंद पाल एनकाउंटर केस की जांच की मांग करने वालों में एक बड़ा चेहरा थे. वह भी इसे एनकाउंटर नहीं बल्कि हत्या मानते थे और पुलिस और सरकार पर इसका आरोप लगाते रहे थे.










