‘लाड़ली बहना योजना’ की डीपी लगाना MP के मंत्रियों को पड़ा भारी, ट्विटर ने छीन लिया ब्लू टिक

MP News: ट्विटर ने एक बार फिर मध्य प्रदेश के कई मंत्रियों के ब्लू टिक छीन लिए हैं. लाड़ली बहना योजना को प्रमोट करने के लिए जैसे ही मध्य प्रदेश सरकार के मंत्रियों ने अपनी ट्विटर डीपी पर लाड़ली बहना योजना का फोटो लगाया, वैसे ही उन सभी के ट्विटर हैंडल से ब्लू टिक हटा […]

ADVERTISEMENT

twitter dp removed, mp news
twitter dp removed, mp news
Google CTA

MP News: ट्विटर ने एक बार फिर मध्य प्रदेश के कई मंत्रियों के ब्लू टिक छीन लिए हैं. लाड़ली बहना योजना को प्रमोट करने के लिए जैसे ही मध्य प्रदेश सरकार के मंत्रियों ने अपनी ट्विटर डीपी पर लाड़ली बहना योजना का फोटो लगाया, वैसे ही उन सभी के ट्विटर हैंडल से ब्लू टिक हटा दिया गया है. ब्लू टिक छिन जाने वाली लिस्ट में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का ऑफिस हैंडल भी शामिल है.

आज मध्य प्रदेश के लिए ऐतिहासिक दिन है. आज शाम 6 बजे सिंगल क्लिक के माध्यम से मध्य प्रदेश की महिलाओं के खाते में लाड़ली बहना योजना की पहली किश्त डलने जा रही है, इसी के साथ सभी के खातों में एक एक हजार रुपये पहुंच जाएंगे. लेकिन मंत्रियों को अपना ट्विटर का वैरिफिकेशन टिक वापस पाने के लिए फिर से रुपये खर्च करने पड़ेंगे.

गायब हो गया वैरिफिकेशन मार्क 
ट्विटर पर लाड़ली बहना योजना के फोटो लगाना मध्य प्रदेश सरकार के कई मंत्रियों को महंगा पड़ गया. जैसे ही डीपी बदली गई वैसे ही उनके ट्विटर हैंडल से ब्लू टिक गायब हो गया. ऑफिस ऑफ शिवराज सिंह चौहान, गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा,चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग और सहकारिता मंत्री अरविंद भदौरिया का ब्लू टिक छिन गया है. इन सभी को अब ट्विटर का वैरिफिकेशन मार्क पाने के लिए इंतजार करना पड़ेगा.

क्यों हटाए ब्लू टिक?
आपको बता दें कि एलन मस्क ने ट्विटर की कमान संभालने के बाद ट्विटर की वैरिफिकेशन पॉलिसी में कुछ बदलाव किये थे. जिसके मुताबिक ब्लू टिक पाने के अलग नियम बनाए गए थे. ट्विटर के नियमों के मुताबिक ट्विटर पर आपका प्रोफाइल फोटो सही होना चाहिए, अगर ऐसा नहीं है तो वैरिफिकेशन नहीं होता है. जब मंत्रियों ने अपने फोटो हटाकर लाड़ली बहना योजना के फोटो को डीपी पर लगाया तो ट्विटर ने उनसे ब्लू टिक छीन लिया.

ये भी पढ़ें: MP की जिस सीट को सबसे कम मार्जिन से BJP ने गंवा दिया था, वहीं पर भाजपा से क्यों लड़ रही भाजपा