Daler Mehndi Controversy: दलेर मेहंदी के समर्थन में उतरा FWICE, PM मोदी और CM धामी को लिखी चिट्ठी, जानिए क्या मांग की?
Daler Mehndi controversy: दलेर मेहंदी उत्तराखंड के कुंजापुरी मेले में हुए कार्यक्रम को लेकर विवादों में हैं. मंत्री सुबोध उनियाल के बर्ताव की बॉलीवुड कलाकारों ने आलोचना की है. अब FWICE भी सिंगर के समर्थन में उतर आया है. फेडरेशन ने PM मोदी और CM पुष्कर सिंह धामी को पत्र लिखकर दलेर मेहंदी के स्वास्थ्य का हवाला दिया है.
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Daler Mehndi controversy: सिंगर दलेर मेहंदी इन दिनों उत्तराखंड में हुए एक कार्यक्रम को लेकर विवादों में हैं. अब बॉलीवुड के कई कलाकार दलेर मेहंदी के समर्थन में उतर आए हैं और मंत्री सुबोध उनियाल के व्यवहार की आलोचना कर रहे हैं. इस बीच, कलाकारों और फिल्म इंडस्ट्री के कर्मचारियों के संगठन फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) ने भी दलेर मेहंदी का समर्थन किया है. फेडरेशन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को पत्र लिखकर सिंगर के साथ संवेदनशीलता और सम्मान से पेश आने की अपील की है. आइए जानते हैं कि FWICE ने अपने पत्र में और क्या कहा है.
FWICE ने दलेर मेहंदी को लेकर क्या कहा?
इस विवाद पर अब फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) का कहना है कि वे जानती है कि दलेर मेहंदी शराब का सेवन नहीं करते. इस मामले में FWICE ने इस मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को पत्र लिखा है. फेडरेशन ने बताया कि दलेर मेहंदी स्वास्थ्य संबंधी कुछ समस्याओं से जूझ रहे हैं और सर्जरी के बाद रिकवरी भी कर रहे हैं. ऐसे में किसी कलाकार की स्थिति पर बिना पूरी जानकारी के निष्कर्ष निकालना उचित नहीं है. पत्र में मांग की गई है कि कलाकारों के साथ हमेशा संवेदनशीलता और सम्मान के साथ पेश आना चाहिए.
स्वास्थ्य समस्याओं का दिया हवाला
FWICE ने अपने पत्र में स्पष्ट किया है कि संगठन अच्छी तरह जानता है कि दलेर मेहंदी शराब का सेवन नहीं करते हैं. फेडरेशन के अनुसार, सिंगर इन दिनों स्वास्थ्य से जुड़ी कुछ समस्याओं का सामना कर रहे हैं और सर्जरी के बाद रिकवरी के दौर से गुजर रहे हैं. संगठन का मानना है कि किसी भी कलाकार की मौजूदा शारीरिक स्थिति को जाने बिना इस तरह जल्दबाजी में निष्कर्ष निकालना बिल्कुल भी सही नहीं है.
पूरी एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री के लिए दुखद घटना
फेडरेशन ने अपने बयान में कहा कि दलेर मेहंदी भारतीय संगीत जगत का एक बहुत बड़ा और जाना-माना नाम हैं, जिन्होंने अपनी कला से कई पीढ़ियों के दिलों में जगह बनाई है. ऐसे वरिष्ठ कलाकार को किसी सार्वजनिक मंच पर इस तरह अपमानित किए जाने की घटना पूरी फिल्म और मनोरंजन इंडस्ट्री के लिए बेहद दुखद और निराशाजनक है. FWICE ने अंत में अपील की है कि भविष्य में कलाकारों की परेशानियों को पेशेवर और सहानुभूतिपूर्ण तरीके से ही सुलझाया जाना चाहिए.
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क्या है फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE)?
फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) मुंबई और पश्चिमी भारत के फिल्म और टीवी इंडस्ट्री में काम करने वाले करीब 5 लाख से ज्यादा कलाकारों, तकनीशियनों और कर्मचारियों का संगठन है. इसकी स्थापना 1958 में हुई थी. इसके तहत CINTAA (एक्टर्स), IFTDA (डायरेक्टर्स), स्टंटमैन, कैमरामैन, मेकअप आर्टिस्ट और स्पॉट बॉयज समेत 26 से ज्यादा यूनियनें आती हैं.
FWICE का काम फिल्म और टीवी सेट पर काम करने वाले कर्मचारियों के अधिकारों की रक्षा करना है. यह काम के घंटे, न्यूनतम वेतन और सुरक्षा से जुड़े नियमों पर ध्यान देता है. इसके अलावा, अगर किसी कर्मचारी का प्रोड्यूसर के साथ पेमेंट या किसी दूसरी बात को लेकर विवाद होता है तो FWICE दोनों पक्षों के बीच बातचीत कराकर मामले को सुलझाने में मदद करता है.
क्या है पूरा विवाद?
यह पूरा मामला 18 अक्टूबर की रात का है. नरेंद्रनगर के कुंजापुरी मेले में दलेर मेहंदी काे लाइव परफॉर्मेंस के लिए बुलाया गया था. इस दौरान मंत्री सुबोध उनियाल मंच पर आ गए. वायरल वीडियो के मुताबिक, मंत्री ने सिंगर पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वे नशे की हालत में हैं और ठीक से बोल भी नहीं पा रहे हैं. मंत्री का यह भी कहना था कि जनता के पैसों से बुलाए गए इस कार्यक्रम में ऐसी प्रस्तुति से धार्मिक मेले की गरिमा को ठेस पहुंची है.
