बिहार शिक्षक भर्ती में बड़ा बदलाव! अब 100 अंकों की मेरिट और इंटरव्यू से होगी बहाली, जानें क्या है नया नियम

Bihar Teacher Recruitment 2026: बिहार में शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया गया है. अब मॉडल स्कूलों में बहाली 100 अंकों की मेरिट और इंटरव्यू के आधार पर होगी. नीतीश कुमार की सरकार के इस नए नियम में अनुभव, योग्यता और व्यक्तित्व को अहमियत दी गई है. जानें पूरी भर्ती प्रक्रिया, आयु सीमा और चयन के नए नियम.

Bihar Teacher Recruitment 2026
Bihar Teacher Recruitment 2026

ऋचा शर्मा

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बिहार में शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ और पारदर्शी बनाने के लिए नीतीश सरकार ने शिक्षक नियुक्ति प्रक्रिया में क्रांतिकारी बदलाव किए हैं. अब राज्य के मॉडल स्कूलों में शिक्षकों का चयन केवल डिग्री के आधार पर नहीं, बल्कि उनके अनुभव, प्रदर्शन और व्यक्तित्व को परखने के बाद किया जाएगा. शिक्षा विभाग ने इसके लिए नई चयन नियमावली लागू कर दी है, जिसका मुख्य उद्देश्य स्कूलों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करना है. विस्तार से जानिए क्या है नया नियम.

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100 अंकों का होगा मूल्यांकन, इंटरव्यू को मिला विशेष महत्व

नई व्यवस्था के तहत अभ्यर्थियों का चयन कुल 100 अंकों की मेरिट प्रणाली के आधार पर होगा. इस मेरिट लिस्ट को तैयार करने के लिए चार प्रमुख मापदंड तय किए गए हैं. इसमें सबसे अधिक 40 अंक शैक्षणिक योग्यता (स्नातक, स्नातकोत्तर, बीएड, पीएचडी आदि) के लिए निर्धारित हैं.

वहीं, 30 अंक अभ्यर्थियों के शिक्षण अनुभव के लिए रखे गए हैं, जिससे अनुभवी शिक्षकों को प्राथमिकता मिल सके. इसके अलावा, 20 अंकों का साक्षात्कार (इंटरव्यू) अनिवार्य कर दिया गया है, जिसमें शिक्षक के विषय ज्ञान, पढ़ाने की शैली और संचार कौशल का बारीकी से मूल्यांकन किया जाएगा.

सख्त हुई आयु सीमा और दस्तावेज़ों की जांच

शिक्षा विभाग ने इस भर्ती प्रक्रिया में युवा और ऊर्जावान शिक्षकों को जोड़ने के लिए आयु सीमा भी तय कर दी है. 31 मार्च 2026 तक उम्मीदवारों की अधिकतम आयु 50 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए. इसके साथ ही, फर्जीवाड़े को रोकने के लिए दस्तावेज सत्यापन की प्रक्रिया को भी बेहद सख्त बना दिया गया है.

अभ्यर्थियों को अपने सभी प्रमाण पत्रों की स्व-अभिप्रमाणित प्रतियां जमा करनी होंगी, जिनका मिलान और सत्यापन जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) और संबंधित विश्वविद्यालयों के माध्यम से किया जाएगा. किसी भी स्तर पर त्रुटि या फर्जी दस्तावेज पाए जाने पर आवेदन तत्काल रद्द कर दिया जाएगा.

पांच सदस्यीय समिति करेगी पारदर्शी चयन

नियुक्ति प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष बनाए रखने के लिए जिला स्तर पर पांच सदस्यीय उच्च स्तरीय चयन समिति का गठन किया गया है. इस समिति की अध्यक्षता जिले के उप विकास आयुक्त (DDC) करेंगे. समिति में जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO), प्राचार्य (DIET), और केंद्रीय या नवोदय विद्यालय के प्राचार्य जैसे विशेषज्ञ शामिल होंगे.

यह समिति राज्य के विभिन्न जिलों के मॉडल स्कूलों में कुल 153 पदों पर शिक्षकों की बहाली करेगी. शिक्षा विभाग का मानना है कि इस नई और कड़ी प्रक्रिया से केवल योग्य और समर्पित शिक्षक ही चयनित होकर स्कूलों तक पहुंचेंगे.

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