भारतीय शेयर बाजार के लिए गुरुवार का कारोबारी सत्र अहम रहने वाला है. ग्लोबल मार्केट से मजबूत संकेत मिल रहे हैं. GIFT Nifty में करीब 115 अंकों की तेजी है. एशियाई बाजारों में भी खरीदारी देखने को मिल रही है. हालांकि, ईरान को लेकर बढ़ता तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में तेजी बाजार के लिए चिंता का कारण बनी हुई है.
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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर और कड़े आर्थिक प्रतिबंध लगाने की चेतावनी दी है. उन्होंने ईरान के साथ कारोबार करने वाले देशों को भी भारी आर्थिक नुकसान की चेतावनी दी. ट्रंप ने अमेरिकी सहयोगियों से ईरान को आर्थिक रूप से अलग-थलग करने की अपील की है. उन्होंने दोहराया कि ईरान को परमाणु हथियार हासिल नहीं करने दिया जाएगा.
वहीं, होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर तनाव बना हुआ है. ईरान का कहना है कि अंतरिम समझौते की शर्तें पूरी होने तक होर्मुज बंद रहेगा. अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर समझौते को आगे बढ़ाने को लेकर भी सहमति नहीं बन पाई है. 60 दिन की समयसीमा खत्म होने के बाद दोनों देशों के बीच तनाव फिर बढ़ा है.
एशियाई बाजारों में तेजी
ग्लोबल संकेतों की बात करें तो GIFT Nifty में करीब 115 अंकों का उछाल है. एशिया में Nikkei करीब 1 फीसदी और Kospi करीब 5.8 फीसदी ऊपर है. अमेरिका में भी बुधवार को प्रमुख इंडेक्स बढ़त के साथ बंद हुए. Dow Jones 0.22 फीसदी, S&P 500 0.21 फीसदी और Nasdaq 0.16 फीसदी चढ़ा.
हालांकि, कच्चे तेल की तेजी बाजार की चिंता बढ़ा रही है. Brent crude 92 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंच गया है. पिछले कुछ कारोबारी सत्रों में तेल की कीमतों में तेज बढ़त हुई है. होर्मुज में शिपिंग को लेकर अनिश्चितता ने तेल बाजार पर दबाव बढ़ाया है.
अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट
अमेरिकी ट्रेजरी मार्केट से भी अहम संकेत मिले हैं. 10 साल की अमेरिकी बॉन्ड यील्ड 4.78 फीसदी से घटकर 4.64 फीसदी पर आ गई. वहीं 20 साल की यील्ड 5.33 फीसदी से गिरकर 5.17 फीसदी हो गई.
अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने 10, 20 और 30 साल के बॉन्ड खरीदने की योजना का ऐलान किया है. आने वाले महीनों में बॉन्ड खरीद को दोगुना करने की तैयारी है. आज अमेरिका में Walmart के नतीजे और साप्ताहिक जॉबलेस क्लेम के आंकड़े भी बाजार की दिशा के लिए महत्वपूर्ण रहेंगे.
FOMC मिनट्स से महंगाई पर चिंता बढ़ी
अमेरिकी फेडरल रिजर्व की जुलाई बैठक के मिनट्स से बाजार को अहम संकेत मिले हैं. फेड ने ब्याज दर को 3.50-3.75 फीसदी पर बरकरार रखा था. फैसला 9-3 के वोट से हुआ. तीन अधिकारियों ने 25 बेसिस प्वाइंट की दर बढ़ाने के पक्ष में मतदान किया.
मिनट्स में कई अधिकारियों ने महंगाई के बने रहने पर चिंता जताई. अगर महंगाई में पर्याप्त गिरावट नहीं आती है तो आने वाली बैठकों में ब्याज दर बढ़ाने की जरूरत पड़ सकती है. फेड का 2 फीसदी महंगाई लक्ष्य अभी भी पूरी तरह हासिल नहीं हुआ है.
फेड चेयरमैन Kevin Warsh ने साल में होने वाली बैठकों की संख्या आठ से घटाकर छह करने का सुझाव भी दिया है. हालांकि, 2026 के मौजूदा शेड्यूल में कोई बदलाव नहीं किया गया है. फेड की आधिकारिक कैलेंडर के मुताबिक 2026 में आठ नियमित बैठकें निर्धारित हैं.
निफ्टी में 7 दिन बाद उछाल की उम्मीद
घरेलू बाजार में लगातार सात सत्रों की गिरावट के बाद आज राहत की उम्मीद है. मजबूत ग्लोबल संकेतों के चलते शुरुआती कारोबार में बाजार को सपोर्ट मिल सकता है. हालांकि, हर तेजी पर बिकवाली का दबाव बना हुआ है. इसलिए निवेशकों को सतर्क रहने की जरूरत है.
निफ्टी 20 और 50 DEMA के नीचे फिसल चुका है. 50 DEMA करीब 24,162 और 20 DEMA करीब 24,312 पर है. आज बाजार में तेजी आती है तो 50 DEMA पहला अहम स्तर होगा.
निफ्टी के लिए 24,000 के आसपास मजबूत सपोर्ट माना जा रहा है. ऊपर की तरफ 24,170 से 24,230 के बीच रेजिस्टेंस जोन है. इस स्तर के ऊपर टिकने पर बाजार में रिकवरी मजबूत हो सकती है. दूसरी तरफ 24,000 के नीचे फिसलने पर दबाव बढ़ सकता है.
FIIs से ज्यादा DIIs की खरीदारी
19 अगस्त को कैश मार्केट में विदेशी संस्थागत निवेशकों यानी FIIs ने 407.99 करोड़ रुपये की खरीदारी की. घरेलू संस्थागत निवेशकों यानी DIIs ने 3,973.72 करोड़ रुपये की खरीदारी की.
हालांकि, डेरिवेटिव सेगमेंट में FIIs का रुख कमजोर रहा. इंडेक्स फ्यूचर्स में 2,492.77 करोड़ रुपये की नेट बिकवाली रही. इंडेक्स ऑप्शंस में 19,126.13 करोड़ रुपये की नेट बिकवाली दर्ज हुई. कुल मिलाकर डेरिवेटिव में FIIs की नेट बिकवाली 22,268.8 करोड़ रुपये रही. FIIs का इंडेक्स लॉन्ग प्रतिशत भी 10.40 से घटकर 9.58 फीसदी रह गया है.
F&O में इन शेयरों पर नजर
F&O बैन लिस्ट में Bandhan Bank, Manappuram Finance और SAIL बने हुए हैं. वहीं LIC बैन लिस्ट से बाहर निकल गया है.
निफ्टी अगस्त फ्यूचर्स 24,108.90 पर बंद हुआ. इसमें 121.20 अंक यानी 0.50 फीसदी की गिरावट रही. ओपन इंटरेस्ट 1,98,813 कॉन्ट्रैक्ट रहा.
IPO मार्केट में हलचल
Gaja Alternative Asset Management का IPO 21 अगस्त तक खुला रहेगा. पहले दिन इश्यू 0.90 गुना सब्सक्राइब हुआ. इसका प्राइस बैंड 152-160 रुपये प्रति शेयर है और इश्यू साइज 550 करोड़ रुपये है.
Sunshine Pictures और Shankesh Jewellers के IPO में निवेश का आज आखिरी दिन है. Sunshine Pictures का इश्यू अब तक 18.47 गुना सब्सक्राइब हो चुका है, जबकि Shankesh Jewellers का सब्सक्रिप्शन 0.94 गुना रहा.
Lalithaa Jewellery Mart का IPO 66.63 गुना सब्सक्रिप्शन के साथ बंद हुआ. इसमें QIB हिस्सा 153.80 गुना और NII हिस्सा 78.17 गुना सब्सक्राइब हुआ. Horizon Industrial Parks का इश्यू भी 1.52 गुना सब्सक्रिप्शन के साथ बंद हुआ.
आज Tempsens Instruments का IPO खुलेगा. यह इश्यू 24 अगस्त तक सब्सक्रिप्शन के लिए उपलब्ध रहेगा. प्राइस बैंड 285-300 रुपये प्रति शेयर और इश्यू साइज 650 करोड़ रुपये है. इसमें 95 करोड़ रुपये का फ्रेश इश्यू और 555 करोड़ रुपये का OFS शामिल है.
आज इन शेयरों पर रहेगी खास नजर
Hyundai Motor India: कंपनी सितंबर से वाहनों की कीमतों में 1 फीसदी तक बढ़ोतरी करेगी.
BSE: MSCI इंडेक्स से जुड़े India F&O कॉन्ट्रैक्ट लॉन्च करने पर विचार कर रहा है.
Hexaware Technologies: AI आधारित साइबर सिक्योरिटी ऑफरिंग 'Zero Vulnerability' लॉन्च की है.
HEG: HEG Graphite और Bhilwara Energy के डीमर्जर को NCLT की मंजूरी मिल गई है. शेयरधारकों को 1:1 अनुपात में नए शेयर मिलेंगे.
Strides Pharma: बेंगलुरु प्लांट को USFDA से Establishment Inspection Report मिली है.
EMS: राजस्थान के कोटा में 190.86 करोड़ रुपये के वाटर प्रोजेक्ट में L1 bidder बना है.
Ceigall India: कंपनी को 274 करोड़ रुपये का नया NH-913 LOA मिला है. दो दिनों में कंपनी को पांच LOA मिले हैं, जिनकी कुल ऑर्डर वैल्यू 2,423.70 करोड़ रुपये है.
Gabriel India: 1,881 करोड़ रुपये के preferential issue को शेयरधारकों की मंजूरी मिली है. HL Mando Anand India में हिस्सेदारी खरीदने को भी मंजूरी दी गई है.
HOEC: PY-1 फील्ड में चार नए कुएं ड्रिल करने की तैयारी है. कंपनी ने इस फील्ड में अब तक करीब 3,400 करोड़ रुपये का निवेश किया है.
IndiQube Spaces: बेंगलुरु में 1,300 सीटों के वर्कस्पेस के लिए 68 करोड़ रुपये का कॉन्ट्रैक्ट मिला है.
Cipla: सब्सिडियरी Inzpera Healthsciences के मर्जर को NCLT की मंजूरी मिल गई है.
Aditya Infotech: पब्लिक इश्यू और QIP के जरिए 1,500 करोड़ रुपये तक जुटाने की मंजूरी मिली है.
Jain Irrigation: CRISIL ने रेटिंग BBB-/Negative पर बरकरार रखी है. FY27 में 652 करोड़ रुपये के कर्ज रीफाइनेंसिंग को लेकर चिंता बनी हुई है.
Nitin Spinners: CGE II Hybrid Energy में हिस्सेदारी बढ़ाकर 7.36 फीसदी की है.
Kolte-Patil Developers: Hrishikesh Parandekar नए CEO नियुक्त किए गए हैं. वह 24 अगस्त से पद संभालेंगे.
JSW Cement: कंपनी को 10.27 करोड़ रुपये का GST show-cause-cum-demand नोटिस मिला है.
RITES: Elicius Energy में अपनी पूरी 13 फीसदी हिस्सेदारी 38.49 रुपये प्रति शेयर के भाव पर प्रमोटर/डायरेक्टर को बेचने का फैसला किया है.
Jubilant Agri & Consumer Products: 5.09 करोड़ रुपये का GST show-cause नोटिस मिला है.
JSW Dulux: 1.84 करोड़ रुपये का GST show-cause नोटिस मिला है.
Karnataka Bank: HUDCO Capital Gain Bonds के लिए Arranger & Collector नियुक्त किया है.
Thyrocare Technologies: API Holdings ने 1,700 करोड़ रुपये के NCDs पूरी तरह रिडीम कर लिए हैं.
Gravita India: मुंद्रा में 59,200 MTPA की कॉपर रीसाइक्लिंग क्षमता जोड़ने की योजना है. प्रोजेक्ट पर करीब 64 करोड़ रुपये खर्च होंगे.
Texmaco Rail: डिफेंस सब्सिडियरी में 6.88 करोड़ रुपये का निवेश किया है.
United Spirits: FSSAI ने 29 जून का प्रोडक्ट बिक्री आदेश वापस ले लिया है.
Thomas Scott: 91,575 वारंट को 330 रुपये प्रति शेयर के भाव पर शेयरों में कन्वर्ट किया गया है.
KEC International: सब्सिडियरी के लिए AED 300 करोड़ की कॉरपोरेट गारंटी जारी की है.
Titagarh Rail Systems: 3-Phase लोकोमोटिव ट्रैक्शन मोटर्स के लिए Approved Vendor बना है. कंपनी को सालाना 1,200 ट्रैक्शन मोटर्स बनाने की मंजूरी मिली है.
IDFC First Bank: डॉलर बॉन्ड इश्यू को 500 मिलियन डॉलर से बढ़ाकर 600 मिलियन डॉलर किया गया है.
निवेशकों के लिए आज का संकेत
आज बाजार को एक तरफ मजबूत ग्लोबल संकेतों और एशियाई बाजारों की तेजी का फायदा मिल सकता है. दूसरी तरफ ईरान तनाव और 92 डॉलर के आसपास पहुंचा कच्चा तेल बाजार की चिंता बढ़ा रहा है. फेड की महंगाई को लेकर सख्त टिप्पणी भी बाजार के लिए अहम है.
ऐसे में निफ्टी के लिए 24,000 का स्तर सबसे अहम सपोर्ट रहेगा. ऊपर की तरफ 24,170-24,230 का जोन निर्णायक हो सकता है. बाजार में तेजी आने पर भी मौजूदा कमजोरी को देखते हुए जल्दबाजी में ट्रेड करने के बजाय स्तरों पर नजर रखना बेहतर रहेगा.
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