मध्य प्रदेश के शहडोल संसदीय क्षेत्र से 2 बार की लोकसभा सांसद और भाजपा नेता हिमाद्री सिंह ने अपने पति नरेंद्र सिंह मरावी से तलाक लेकर वैवाहिक रिश्ता खत्म कर लिया है. जानकारी के मुताबिक, हिमाद्री और नरेंद्र की शादी 23 नवंबर 2017 को हुई थी और अब कोर्ट ने तलाक के मामले में फैसला सुनाते हुए डिक्री पारित(अंतिम निर्णय) कर दी है. आपको बता दें कि दोनों पिछले कई सालों से एक-दूसरे से अलग-अलग रह रहे थे. दोनों की एक बेटी भी है, जो कि हिमाद्री सिंह के साथ ही रहती है. ऐसे में चर्चाएं तेज हैं आखिर कौन हैं यह बीजेपी सांसद, क्यों हुआ तलाक? आइए विस्तार से जानते हैं इन्हीं सवालों के जवाब के साथ-साथ इस रिश्ते की दिलचस्प राजनीतिक कहानी भी.
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कौन हैं BJP सांसद हिमाद्री सिंह?
हिमाद्री सिंह मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले के किरगी गांव की रहने वाली है. उनका जन्म 9 अप्रैल 1988 को हुआ और उन्होंने बीए की पढ़ाई की है. हिमाद्री सिंह कद्दावर आदिवासी और कांग्रेस नेता दलवीर सिंह की सुपुत्री है. दलवीर सिंह राजीव गांधी की सरकार में केंद्रीय मंत्री भी रहे थे. वहीं हिमाद्री की मां राजेश नंदिनी सिंह भी कोतमा से विधायक और शहडोल की सांसद रह चुकी थी. हालांकि फिलहाल दोनों का निधन हो चुका है.
राजनीतिक परिवार से आने वाले हिमाद्री ने साल 2016 में कांग्रेस के टिकट पर लोकसभा चुनाव लड़ा था. इसके बाद ही उन्होंने कांग्रेस का दामन छोड़ भाजपा जॉइन कर लिया था. फिर साल 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव में उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया और लगातार 2 बार जीतकर सांसद बनीं. हालांकि अब तलाक मंजूर हो जाने के बाद वो काफी चर्चा में बनी हुई है.
हिमाद्री-नरेंद्र के रिश्ते की राजनीतिक कहानी
हिमाद्री-नरेंद्र आज भले ही तलाक मंजूर होने के बाद चर्चा में है, लेकिन इस रिश्ते की एक राजनीतिक कहानी भी है. हिमाद्री की तरह ही नरेंद्र सिंह मरावी भी राजनीतिक बैकग्राउंड से आते हैं. साल 2009 में उन्होंने हिमाद्री की मां राजेश नंदिनी सिंह के खिलाफ चुनाव लड़ा था, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था. इसके ठीक 8 साल बाद हिमाद्री और नरेंद्र सिंह मरावी की शादी हुई.
फिर 2018 में भी नरेंद्र सिंह ने पुष्पराजगढ़ विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा, जो कि हिमाद्री सिंह का गृह क्षेत्र माना जाता है. लेकिन यहां भी नरेंद्र के हाथ हार ही लगी. इसके बाद हिमाद्री का राजनीतिक कद बढ़ता गया और वह 2019 और 2024 लोकसभा चुनाव में लगातार जीतकर सांसद बनी.
दोनों का क्यों हुआ तलाक?
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, हिमाद्री और नरेंद्र के बीच घरेलू मतभेद और छोटी-छोटी बातों पर विवाद था. इसी वजह से दोनों ने एक-दूसरे पर कोई गंभीर आरोप लगाए बिना ही आपसी सहमति से तलाक ले लिया है. मिली जानकारी के मुताबिक, शादी के कुछ समय बाद से ही दोनों के बीच चीजें खराब होने लगी थी और 5 मई 2021 से ही दोनों एक दूसरे से अलग रह रहे थे. दोनों के बीच की दूरियों को लेकर अकसर राजनीतिक मतभेदों की चर्चाएं भी होती रहती थी.
हिमाद्री के साथ ही रहती है बेटी
आपको बता दें कि हिमाद्री और नरेंद्र सिंह नरावी की एक बेटी भी है जिनका नाम गिरिशा कुमारी सिंह है. बताया जा रहा है कि, गिरिशा हिमाद्री के साथ ही रहती है. जब हिमाद्री ने अपनी बेटी का सरकारी स्कूल में एडमिशन कराया था तब भी वह खूब चर्चा में आई थी.
आपको बता दें कि, हिमाद्री की गिनती देश की श्रेष्ठ युवा आदिवासी नेताओं में होती है. अभी हाल ही में उजबेकिस्तान के समरकंद में दुनिया भर के युवा सांसदों के सम्मेलन में हिमाद्री ने भारत का प्रतिनिधित्व किया था.
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