एयरहोस्टेस से पुलिस अफसर बनीं CSP नेहा पचौरिया पर अवैध वसूली का आरोप, छीनी गई 3 थानों की कमान, जानें क्या है पूरा मामला

अमर ताम्रकर

• 03:44 PM • 31 Jul 2026

कटनी CSP नेहा पचौरिया पर एक ट्रांसपोर्टर से 30,000 रुपये की अवैध वसूली का आरोप लगने के बाद उनके ड्राइवर को सस्पेंड कर 3 थानों का प्रभार छीन लिया गया है.

 Neha Pachisiya
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एयर होस्टेस की नौकरी छोड़कर पुलिस सेवा में आईं कटनी की नगर पुलिस अधीक्षक (CSP) नेहा पचौरिया (नेहा पसिया) एक बार फिर विवादों में हैं. इस बार उन पर एक ट्रांसपोर्टर से चेकिंग के नाम पर रंगदारी और अवैध वसूली के गंभीर आरोप लगे हैं. मामले की शिकायत मिलने के बाद कटनी पुलिस अधीक्षक (SP) अभिनय विश्वकर्मा ने त्वरित कार्रवाई करते हुए CSP के चालक (कांस्टेबल) को सस्पेंड कर दिया है और उनसे तीन प्रमुख थानों का प्रभार वापस ले लिया है.

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30,000 रुपये रिश्वत मांगने का आरोप

जानकारी के अनुसार, कटनी के ट्रांसपोर्ट व्यवसाई महेंद्र जैन ने पुलिस अधीक्षक से लिखित शिकायत की थी. शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया कि 21 जुलाई की रात वाहन चेकिंग के दौरान उनकी हाइवा गाड़ी को रोककर CSP नेहा पचौरिया ने 30,000 रुपये की मांग की. मौके पर ही 25,000 रुपये नकद ले लिए गए और बाकी के 5,000 रुपये अगले दिन ड्राइवर के माध्यम से देने को कहा गया. ट्रांसपोर्टर का कहना है कि डर और दबाव के कारण उन्होंने पहले पैसे दिए, लेकिन बाद में निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर लिखित आवेदन दिया.

SP ने की सख्त कार्रवाई

शिकायत को गंभीरता से लेते हुए कटनी SP अभिनय विश्वकर्मा ने:

  • चालक निलंबित: CSP के वाहन चालक कांस्टेबल केशव सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है.
  • प्रभार में बदलाव: नया कार्य विभाजन आदेश जारी कर CSP नेहा पचौरिया के अधिकार क्षेत्र से कुठला, माधाव नगर और रंगनाथ नगर थानों का प्रभार हटाकर अजाक DSP शिवा पाठक को सौंप दिया है.
  • मामले की जांच: पूरे प्रकरण की प्राथमिक जांच एडिशनल SP (ASP) कमल मौर्य को सौंपी गई है, जो शिकायतकर्ता और अन्य पक्षों के बयान दर्ज कर रिपोर्ट सौंपेंगे.

अन्य मामलों में भी घिरीं अफसर

सीएसपी नेहा पचौरिया की मुश्किलें यहीं खत्म नहीं हो रही हैं. उनके खिलाफ अन्य विभागीय गड़बड़ियों की भी जांच शुरू की गई है:

  • हत्या केस में लापरवाही: हत्या के एक मामले में 90 दिनों के भीतर चालान (चार्जशीट) पेश न करने के कारण आरोपी को न्यायालय से 'डिफ़ॉल्ट बेल' मिल गई, जिसे विभाग ने गंभीर लापरवाही माना है.
  • जमीन हड़पने का आरोप: आरोपी ने सीएसपी के खिलाफ अदालत में परिवाद दायर कर केस में राहत देने के एवज में उसकी जमीन को कम दामों में बेचे जाने का आरोप भी लगाया है.

हत्या के मामले और जमीन से जुड़े प्रकरण की जांच जबलपुर की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) अनु बेनीवाल को सौंपी गई है.