इंदौर के चर्चित ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी हत्याकांड में एक नया और चौंकाने वाला मोड़ आया है. हत्याकांड की मुख्य आरोपी और राजा की पत्नी सोनम रघुवंशी को शिलांग कोर्ट से सशर्त जमानत मिल गई है. हालांकि, इस जमानत के पीछे की जो वजह सामने आई है, उसने उत्तर प्रदेश पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. बताया जा रहा है कि यूपी पुलिस की एक 'क्लेरिकल मिस्टेक' (लिपिकीय त्रुटि) सोनम के लिए वरदान साबित हुई.
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हनीमून पर हुई थी राजा की हत्या
यह मामला पिछले साल का है जब इंदौर के राजा रघुवंशी और सोनम की शादी 11 मई 2025 को हुई थी. शादी के बाद दोनों हनीमून के लिए मेघालय के शिलांग गए थे. शिलांग में ही राजा रघुवंशी की हत्या कर दी गई थी. शुरुआती जांच में शिलांग पुलिस ने सोनम रघुवंशी को मुख्य आरोपी बनाया और दावा किया कि उसने अपने कथित प्रेमी राज कुशवाहा के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम दिया.
UP पुलिस की वो गलती जिससे मिली बेल
सोनम रघुवंशी की गिरफ्तारी उत्तर प्रदेश के गाजीपुर से हुई थी. कोर्ट के आदेश के अनुसार, यूपी पुलिस ने गिरफ्तारी के दौरान कई कानूनी खामियां छोड़ीं:
- गलत धारा का जिक्र: अरेस्ट मेमो और केस डायरी में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की ऐसी धारा (सेक्शन 403-1) का जिक्र किया जो अस्तित्व में ही नहीं है. हत्या के मामले में सेक्शन 103-1 के तहत कार्रवाई होनी चाहिए थी.
- कागजी कार्रवाई में चूक: अरेस्ट मेमो, इंस्पेक्शन मेमो और इंटिमेशन ऑफ राइट्स मेमो में कई त्रुटियां पाई गईं.
- वकील न मिलना: कोर्ट ने यह भी नोट किया कि गाजीपुर कोर्ट में पेशी के दौरान सोनम को कानूनी सहायता (वकील) मुहैया नहीं कराई गई थी.
- इन्हीं तकनीकी और कानूनी खामियों का फायदा सोनम के वकील ने उठाया और कोर्ट ने उसे जमानत दे दी.
जमानत के साथ कड़ी शर्तें
भले ही सोनम को जेल से बाहर आने की इजाजत मिल गई है, लेकिन कोर्ट ने उस पर कड़ी शर्तें थोपी हैं:
- सोनम को 50,000 रुपये का निजी मुचलका भरना होगा.
- वह सुनवाई पूरी होने तक शिलांग शहर छोड़कर नहीं जा सकती.
- उसे हर पेशी पर कोर्ट में शारीरिक रूप से उपस्थित रहना अनिवार्य होगा.
परिवार ने की CBI जांच की मांग
सोनम को जमानत मिलने की खबर से राजा रघुवंशी का परिवार सदमे में है. परिवार अब इस मामले में सीबीआई (CBI) जांच की मांग कर रहा है. साथ ही, परिवार के कुछ सदस्य सोनम के भाई गोविंद रघुवंशी पर भी मिलीभगत के आरोप लगा रहे हैं, हालांकि गोविंद ने इन आरोपों से इनकार किया है.
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