अलवर: छात्राओं के साथ बांध में नहाता दिखा प्रिंसिपल, VIDEO वायरल होते ही मचा हड़कंप

हिमांशु शर्मा

• 08:16 AM • 23 Aug 2026

अलवर के थानागाजी क्षेत्र में सरकारी स्कूल के प्रिंसिपल का छात्राओं के साथ बांध में नहाते हुए वीडियो वायरल हुआ है. आरोप है कि 15 अगस्त के बाद प्रिंसिपल बच्चों को तैराकी और भ्रमण के लिए बांध ले गया था. पुलिस और शिक्षा विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है.

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राजस्थान के अलवर जिले से एक बेहद हैरान करने वाली घटना सामने आई है. थानागाजी क्षेत्र के एक सरकारी स्कूल के प्रिंसिपल पर छात्राओं को भ्रमण और तैराकी सिखाने के बहाने प्रतिबंधित बांध पर ले जाने और उनके साथ पानी में आपत्तिजनक व्यवहार करने का आरोप लगा है. इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से शेयर किया जा रहा है. मामला सामने आने के बाद स्थानीय लोगों और ग्रामीणों में गहरा आक्रोश देखा जा रहा है.

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स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के बाद हुई घटना

जानकारी के अनुसार, यह पूरा घटनाक्रम 15 अगस्त का बताया जा रहा है. स्कूल में स्वतंत्रता दिवस का कार्यक्रम समाप्त होने के बाद प्रिंसिपल छात्र-छात्राओं को करीब दो किलोमीटर दूर स्थित भड़ाज बांध पर ले गए थे. बताया जा रहा है कि उस दौरान करीब 20 से 25 छात्राएं भी उनके साथ मौजूद थीं. आरोप है कि बच्चों को तैराकी सिखाने और भ्रमण के नाम पर वहां ले जाया गया था. वहां मौजूद कुछ स्थानीय युवकों ने पूरी घटना को अपने मोबाइल कैमरे में कैद कर लिया, जिसके बाद वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.

प्रतिबंधित जगह पर बच्चों को ले जाने पर सवाल

स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि भड़ाज बांध की पाल काफी संकरी है और वहां पहले भी हादसे हो चुके हैं. सुरक्षा कारणों से प्रशासन ने करीब चार साल से इस स्थान पर जाने पर रोक लगा रखी है. ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर प्रिंसिपल बिना किसी पूर्व अनुमति के स्कूली बच्चों को ऐसी जोखिम भरी और प्रतिबंधित जगह पर कैसे ले गए. ग्रामीणों ने पूरे मामले में सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है.

पुलिस और शिक्षा विभाग ने शुरू की जांच

थानागाजी थानाधिकारी राजकुमार मीणा ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अपने स्तर पर जांच कर रही है. हालांकि, अभी तक किसी भी पक्ष से औपचारिक लिखित शिकायत नहीं मिली है. पुलिस ने प्रिंसिपल का बयान दर्ज कर लिया है और वीडियो की प्रामाणिकता की जांच की जा रही है.

मामला सामने आने के बाद शिक्षा विभाग ने भी संज्ञान लिया है. मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी शकुंतला यादव ने बताया कि बालिकाओं, प्रिंसिपल और अभिभावकों से जानकारी ली गई है. अब टीम पूरे मामले की जांच करेगी. विभाग की ओर से घटनाक्रम से जुड़े सभी तथ्यों को जुटाया जा रहा है.

जिला शिक्षा अधिकारी मनोज शर्मा ने बताया कि मामले में ब्लॉक शिक्षा अधिकारी से जवाब मांगा गया है. उन्होंने कहा कि जांच रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी. अधिकारी ने यह भी माना कि इस तरह की घटना गलत है और वायरल वीडियो के पीछे के तथ्यों की भी जांच कराई जा रही है.

फिलहाल, पुलिस और शिक्षा विभाग की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि घटनाक्रम की पूरी सच्चाई क्या है और नियमों का उल्लंघन किस स्तर पर हुआ. वहीं, वीडियो वायरल होने के बाद ग्रामीणों में आक्रोश है और वे मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.

डिस्क्लेमर: इस खबर से जुड़ा वीडियो आपत्तिजनक और संवेदनशील होने के कारण हम यहां प्रदर्शित नहीं कर सकते. पाठकों से अनुरोध है कि मामले से जुड़ी किसी भी सामग्री को शेयर या प्रसारित करने से पहले उसकी सत्यता की पुष्टि जरूर करें.

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