राजस्थान के भरतपुर नगर निगम मेयर चुनाव को लेकर सियासी पारा इन दिनों सातवें आसमान पर है. चुनाव की प्रक्रिया के बीच एक नया और बड़ा विवाद खड़ा हो गया है, जिससे राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई है. इस चुनाव के दौरान राज्य के गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम की भूमिका और उनके बयानों को लेकर सवाल उठने लगे हैं, जिसके बाद विपक्ष लगातार हमलावर रुख अपनाए हुए है.
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आचार संहिता उल्लंघन और विवाद की वजह
जानकारी के मुताबिक, चुनाव प्रक्रिया के बीच मंत्री जवाहर सिंह बेढम पर आचार संहिता के उल्लंघन के गंभीर आरोप लग रहे हैं. चुनाव के दौरान नियमों की अनदेखी करने और प्रशासनिक प्रभाव का इस्तेमाल करने जैसी चर्चाओं ने इस पूरे चुनावी घटनाक्रम को और ज्यादा विवादास्पद बना दिया है. राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इस तरह के आरोप चुनाव के समीकरणों को बड़े पैमाने पर प्रभावित कर सकते हैं.
सत्ता और विपक्ष के बीच जुबानी जंग
इस पूरे घटनाक्रम के सामने आने के बाद प्रदेश की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है. जहां एक तरफ विपक्षी दल इस पूरे मामले को लेकर सरकार और मंत्री पर निशाना साध रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ सियासी हलकों में इसे लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं. चुनाव के बीच इस नए विवाद ने भरतपुर के राजनीतिक माहौल को पूरी तरह से गरमा दिया है, और सबकी निगाहें अब इस बात पर टिकी हैं कि इस मामले में आगे क्या कार्रवाई होती है.
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