झुंझुनूं: बीजेपी नेत्री की संदिग्ध मौत, भाई का आरोप- 'पति की माशूका देती थी जान से मारने की धमकी'

राजस्थान के झुंझुनूं जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां बीजेपी की एक महिला नेत्री और पूर्व नगरपालिका उपाध्यक्ष सुनीता कुमावत की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. परिजनों ने इसे आत्महत्या नहीं बल्कि हत्या करार दिया है.

राजस्थान न्यूज
राजस्थान न्यूज

अमित तिवारी

follow google news

झुंझुनूं: राजस्थान के खेतड़ी कस्बे में भारतीय जनता पार्टी की सक्रिय नेत्री और नगरपालिका की पूर्व वाइस चेयरपर्सन सुनीता कुमावत की मौत ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है. 18 मार्च की सुबह सुनीता अपने ही घर में फंदे से लटकी मिलीं [00:48]. हालांकि, अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया, लेकिन सुनीता के मायके वालों के आरोपों ने इस मामले को एक नया मोड़ दे दिया है.

Read more!

हत्या या आत्महत्या? मायके वालों के गंभीर आरोप

सुनीता के भाई अर्पित का आरोप है कि यह आत्महत्या नहीं बल्कि सुनियोजित हत्या है. भाई का दावा है कि सुनीता का पति गजेंद्र कुमावत लंबे समय से उसे दहेज के लिए प्रताड़ित कर रहा था. शादी के समय से ही 11 लाख रुपये और स्कॉर्पियो गाड़ी की मांग की जा रही थी [03:06]. यहां तक कि जब सुनीता ने पार्षद का चुनाव लड़ा था, तब भी ससुराल पक्ष ने दबाव बनाकर पीहर से 33 लाख रुपये मंगवाए थे [04:03].

पति के अवैध संबंध और माशूका की धमकियां

मामले में सबसे चौंकाने वाला खुलासा पति के अवैध संबंधों को लेकर हुआ है. परिजनों का आरोप है कि गजेंद्र के किसी दूसरी महिला के साथ अवैध संबंध थे और वह अक्सर उससे वीडियो कॉल पर बात करता था. विरोध करने पर सुनीता को प्रताड़ित किया जाता था. परिजनों का यह भी दावा है कि गजेंद्र की माशूका खुद सुनीता को फोन कर जान से मारने की धमकियां देती थी.

'मुझे यहाँ से ले जाओ वरना जान दे दूँगी'

मृतका के पिता ने बताया कि मौत से महज 3 दिन पहले सुनीता ने फोन कर गुहार लगाई थी कि "मुझे यहां से ले जाओ, वरना मैं अपनी जान दे दूंगी". लेकिन सामाजिक लोकलाज के डर से पिता उसे उस वक्त साथ नहीं ले जा सके, जिसका पछतावा अब पूरे परिवार को है. सुनीता के शरीर पर चोट के निशान भी मिले हैं, जो हत्या की आशंका को और पुख्ता करते हैं.

पुलिस की कार्रवाई जारी

झुंझुनूं पुलिस ने पति और ससुराल पक्ष के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है. पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मेडिकल जांच के बाद ही मौत की असली वजह साफ हो पाएगी. फिलहाल, एक उभरती हुई महिला जनप्रतिनिधि की इस तरह संदिग्ध मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं.

ये भी पढ़ें: Rajasthan Weather: राजस्थान में मौसम का यू-टर्न, 20 मार्च को भी बरसेंगे बादल, इन जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट

    follow google news