Kotdwar Deepak Kumar controversy: उत्तराखंड के कोटद्वार के रहने वाले दीपक कुमार इन दिनों देशभर में चर्चा का विषय बने हुए हैं. इसकी वजह उनकी वो दिलेरी है, जिसने एक बुजुर्ग दुकानदार को भीड़ के गुस्से से बचा लिया. इसका वीडियो वायरल होते ही सोशल मीडिया पर दीपक के हिम्मत तारीफ हाेने लगी. हालांकि घटना के बाद से वे बजरंग दल के निशाने पर आ गए हैं. इस बीच अब झारखंड सरकार के मंत्री डॉ. इरफान अंसारी भी उनके मुरीद हो गए हैं. डॉ. अंसारी ने दीपक के जज्बे को सलाम करते हुए उन्हें सच्चा हिंदुस्तानी बताया और उनके लिए इनाम का ऐलान किया.
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मंत्री ने किया 2 लाख रुपये का ऐलान
डॉ. इरफान अंसारी ने दीपक कुमार के इस साहसी कदम से प्रभावित होकर उन्हें अपनी सैलरी देने की घोषण. उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर जानकारी देते हुए बताया कि वे अपने चार महीने की सैलरी में करीब 2 लाख रुपये की राशि दीपक को सम्मान के तौर पर देंगे. डॉ. अंसारी का कहना है कि यह रकम दीपक के हौसले के सामने भले ही छोटी हो लेकिन ये उनके मनोबल को बढ़ाने का काम करेगी. उन्होंने कहा कि ये संदेश है कि भारत की आत्मा नफरत नहीं बल्कि आपसी भाईचारा है.उन्होंने कहा कि जल्द ही दीपक को झारखंड बुलाया जाएगा और वे खुद अपने हाथों उन्हें सम्मानित करेंगे.
घटना का जिक्र करते हुए डॉ. अंसारी ने कहा कि जिस तरह बजरंग दल के कुछ लोगों ने एक गरीब कपड़ा बेचने वाले पर हमला किया. उस वक्त दीपक ने आगे बढ़कर एक मुस्लिम बुज़ुर्ग की जान बचाई. उन्होंने बताया कि उसी समय दीपक ने निर्भीक होकर ने अपना नाम मोहम्मद दीपक बताया और अकेले दम पर नफरत फैलाने वालों को मौके से खदेड़ दिया.
'आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देगी घटना'
आगे डॉ. अंसारी ने कहा कि दीपक ने जो किया ये गंगा जमुनी तहजीब की एक गहरी और ऐतिहासिक लकीर है. बतौर मंत्री ये घटना आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देती रहेगी. उन्होंने दीपक का एग्जांपल देते हुए कहा कि दीपक ने ये साबित कर दिया कि आखिरकार नफरत पर हमेशा मोहब्बत ही जीतती है. उन्होंने आगे कहा कि आज के दौर में दीपक ने जो साहस और इंसानियत दिखाई है वो बहादुरी से कम नहीं. मैं उन्हें दिल से सैल्यूट करता हूं.
क्यों चर्चा में आए 'मोहम्मद दीपक'?
दरअसल, उत्तराखंड के कोटद्वार के पटेल मार्ग पर एक बुजुर्ग की 30 साल पुरानी कपड़े की दुकान है. बजरंग दल के कुछ कार्यकर्ताओं ने दुकान के बोर्ड पर लिखे 'बाबा' शब्द पर 26 जनवरी को आपत्ति जताई और हंगामा शुरू कर दिया. इस बीच दीपक कुमार वहां पहुंचे और बुजुर्ग का बचाव किया. बहस के दौरान जब उनसे नाम पूछा गया तो उन्होंने अपना नाम मोहम्मद दीपक बता दिया.
इसके बाद उन्होंने वहां से हंगामा करने वाले को भगा दिया. उनका ये वीडियो खूब वायरल हो गया. इसके बाद दीपक कुमार कुछ हिंदू संगठनों के निशाने पर भी आ गए हैं. इसके बाद 31 जनवरी को बजरंग दल के कार्यकर्ताओं उनके जिम का घेराव किया और उन्हें गंदी गंदी गालियां दी. इसके बाद से अब इलाके में काफी तनाव फैल गया.
कौन हैं डॉ. इरफान अंसारी?
डॉ. इरफान अंसारी झारखंड के रहने वाले हैं. वे भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के सदस्य हैं और वर्तमान में झारखंड सरकार में स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण, खाद्य, सार्वजनिक वितरण एवं उपभोक्ता मामले और आपदा प्रबंधन विभागों के मंत्री. वे 2014, 2019 और 2024 में जामताड़ा विधानसभा क्षेत्र से विधायक चुने गए हैं.
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