आधी रात को आया नोटिफिकेशन, छात्रसंघ चुनाव नहीं होंगे, नेताओं का फूटा गुस्सा। Rajasthan Student Union

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The notification came at midnight, there will be no student union elections, the anger of the leaders erupted. Rajasthan Student Union
सीएम गहलोत ने शनिवार को अपने बयान से ये इशारा दे दिया कि इस बार राजस्थान में स्टूडेंट यूनियन के इलेक्शन नहीं होगे। शनिवार रात तक इसके लिए अधिकारिक सूचना भी जारी कर दी गई। जिसमें ये कहा गया कि कुलपतिगणों द्वारा विद्यार्थियों के छात्रसंघ चुनावों में धनबल और भुजबल का खुलकर प्रयोग करने के साथ लिंगदोह समिति की सिफारिशों का उल्लंघन होने की स्थिति स्पष्ट की गई है। यदि छात्रसंघ चुनाव कराये जाते हैं तो शिक्षण कार्य अत्यधिक प्रभावित होने और राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप सेमेस्टर सिस्टम लागू करने में अत्यधिक असुविधा रहेगी।ऐसे में राजस्थान में 13 साल बाद एक बार फिर से स्टूडेंट यूनियन के इलेक्शन नहीं होगे। आपको बता दें कि इससे पहले 2004 में स्टूडेंट यूनियन के इलेक्शन पर रोक लगी थी। इसके बाद 2010 में सीएम गहलोत ने इस रोक को हटाया था। इसके बाद कोरोना के समय भी 2 साल स्टूडेंट यूनियन के इलेक्शन पर रोक थी। अधिकारिक सूचना के बाद अब छात्रनेताओं में इस बात को लेकर काफी गुस्सा है।शनिवार को जैसे ही ये घोषणा हुई कि प्रदेश में इस बार स्टूडेंट यूनियन के इलेक्शन नहीं होंगे, छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। शनिवार रात इसे लेकर यूनिवर्सिटी के बाहर छात्रों ने जमकर हंगामा किया। इसे लेकर एबीवीपी के छात्रनेता होशियार मीणा का कहना है कि ऐसी क्या जरूरत आ गई थी कि सीएम गहलोत की ओर से आधी रात को ये निर्णय लागू किया गया। सीएम गहलोत के इस निर्णय के बाद अब राजस्थान में छात्र नेता आक्रोशित हैं। अब इस मामले में छात्रनेताओं का क्या कदम होगा, ये देखने वाली बात होगी।
The notification came at midnight, there will be no student union elections, the anger of the leaders erupted. Rajasthan Student Union










