मध्यप्रदेश में 12 साल के बच्चे ने साइकिल के लिए रची ऐसी कहानी जिसे सुनकर बॉलीवुड के राइटर भी फेल हो जाएं
गुना में एक 12 साल के बच्चे ने नई साइकिल पाने के लिए खुद के अपहरण की झूठी कहानी रच डाली. बच्चा सड़क किनारे बेहोश मिला था, जिससे पुलिस और घरवाले परेशान हो गए. बाद में काउंसलिंग के दौरान पता चला कि पिता द्वारा साइकिल न दिलाने और बहनों को ज्यादा तवज्जो देने से नाराज होकर उसने यह कदम उठाया था.

मध्य प्रदेश के गुना जिले में एक 12 साल के बच्चे ने साइकिल के लिए ऐसी कहानी गढ़ी कि पुलिस भी चकरा गई. बच्चे ने खुद के किडनैप की झूठी फिल्मी कहानी तैयार कर दी. मामला सामने आने के बाद पुलिस और परिवार दोनों हैरान रह गए.
क्या है पूरा मामला?
गुना के जाटपुरा स्कूल में पढ़ने वाला 12 साल का छात्र पवन धाकड़ अचानक लापता हो गया और बाद में नेशनल हाईवे के किनारे बेहोशी की हालत में मिला. राहगीरों ने जब उसे देखा तो तुरंत उसके पिता देवेंद्र धाकड़ और पुलिस को सूचना दी. बच्चे की हालत देख हर कोई सहम गया था.
बच्चे ने पुलिस को सुनाई फिल्मी कहानी
होश में आने के बाद पवन ने पुलिस को बताया कि जब वह पार्क के पास से गुजर रहा था, तब कार सवार कुछ लोगों ने उससे पीने का पानी मांगा. जैसे ही उसने मदद के लिए पानी की बोतल बढ़ाई, बदमाशों ने उसे जबरन कार में खींच लिया और किडनैप कर लिया. मासूम की जुबानी यह खौफनाक दास्तां सुनकर पुलिस भी तुरंत एक्शन में आ गई.
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खुलासे ने सबको चौंकाया
पुलिस ने जब मामले की गहराई से जांच की और CSP प्रियंका मिश्रा के नेतृत्व में बच्चे की काउंसलिंग की गई, तो सच कुछ और ही निकला. बच्चा बार-बार अपने बयान बदल रहा था. कड़ाई से और प्यार से पूछने पर उसने कबूल किया कि यह पूरा नाटक उसने खुद रचा था.
क्यों रची अपहरण की साजिश?
पवन ने बताया कि वह काफी समय से अपने पिता से साइकिल की मांग कर रहा था, लेकिन पिता ने मना कर दिया. उसे लगा कि पिता केवल उसकी बहनों की बात सुनते हैं और उन्हें सब कुछ दिलाते हैं. पिता का ध्यान अपनी ओर खींचने और साइकिल पाने के लिए उसने हाईवे किनारे जाकर बेहोश होने का नाटक किया.










