12 साल में एक बार ही क्यों होता है महाकुंभ? कहां हो रहा आयोजन, जानिए सबकुछ
महाकुंभ मेले का आयोजन हर 12 साल में एक बार होता है. इसके अलावा अर्धकुंभ मेला हरिद्वार और प्रयागराज में 6-6 सालों में एक बार होता है. कुंभ मेला समुद्र मंथन की कथा से जुड़ा माना गया है. मान्यताओं के अनुसार अमृत छलकने पर उसकी बूंदे चार स्थानों पर गिरी थीं और ये स्थान पवित्र हो गए.
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प्रयागराज में महाकुंभ लगने जा रहा रहा है (फोटो- AI)
Mahakumbh 2025: माना जाता है कि, युगों पहले सागर मंथन के दौरान अमृत की खोज हुई थी. देवताओं और असुरों ने मिलकर इस कार्य को अंजाम दिया, लेकिन अंत में दोनों पक्षों के बीच अमृत को लेकर संघर्ष छिड़ गया. यह मंथन केवल अमृत के लिए नहीं, बल्कि अलग-अलग संस्कृतियों और विचारधाराओं के बीच तालमेल का पहला उदाहरण था. हालांकि, लालच और जिद के कारण अमृत किसी का नहीं रहा. छीना-झपटी के दौरान अमृत कलश से अमृत छलककर अलग-अलग स्थानों पर गिरा.