'प्राइवेट पार्ट छूना, पायजामे का नाड़ा खोलना... रेप का प्रयास नहीं', इलाहाबाद हाईकोर्ट की टिप्पणी पर मचा बवाल

Allahabad HC Sparks Debate: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि किसी लड़की के स्तनों को पकड़ना, उसके पाजामे का नाड़ा तोड़ना और उसे पुलिया के नीचे खींचने का प्रयास करना, बलात्कार या बलात्कार के प्रयास का आरोप लगाने के लिए पर्याप्त नहीं है. इलाहाबाद हाईकोर्ट की सिंगल बेंच का ये फैसला अब चर्चा में आ गया है.

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इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट (फाइल फोटो)
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Allahabad High Court Debate: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि "किसी लड़की के प्राइवेट पार्ट को पकड़ना या छूना, उसके पायजामे का नाड़ा खोलना और उसे पुलिया के नीचे घसीटने का प्रयास करना, बलात्कार या बलात्कार के प्रयास का आरोप लगाने के लिए पर्याप्त नहीं है." इलाहाबाद हाईकोर्ट की सिंगल बेंच का ये फैसला अब चर्चा में आ गया है. सोशल मीडिया पर इसकी जमकर सुर्खियां बटोर रहे हैं. लोग इस पर पक्ष और विपक्ष में होकर अपनी बात रख रहे हैं.