प्रशांत किशोर ने बताया क्यों बार-बार छोड़ी पढ़ाई, डॉक्टर पत्नी से कैसे हुई पहली मुलाकात
Prashant Kishor: पीके का परिवार बिहार के रोहतास जिले के कोनार गांव से ताल्लुक रखता है. उनके पिता, दिवंगत श्रीकांत पांडे, एक डॉक्टर थे. प्रशांत किशोर ने बताया कि उनके पिता की पोस्टिंग जहां-जहां हुई, उन्होंने वहीं के सरकारी स्कूलों में अपनी शुरुआती पढ़ाई की. बाद में वह पटना साइंस कॉलेज और हिंदू कॉलेज से पढ़ाई करते रहे, लेकिन स्वास्थ्य समस्याओं के कारण बीच में पढ़ाई छोड़ दी.
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Prashant Kishor: चुनावी रणनीतिकार से नेता बने प्रशांत किशोर (पीके) ने आज अपनी पार्टी 'जन सुराज' की लॉन्चिंग करने जा रहे हैं. पीके ने घोषणा की है कि पार्टी की लॉन्चिंग के बाद भी उनकी 'जन सुराज पदयात्रा' जारी रहेगी. प्रशांत किशोर ने यह साफ कर दिया है कि उनकी पार्टी 2025 के बिहार विधानसभा चुनावों में 243 सीटों पर चुनाव लड़ेगी. पार्टी कम से कम 40 विधानसभा सीटों पर महिला उम्मीदवारों को मैदान में उतारेगी. यह कदम बिहार की राजनीति में महिलाओं की भागीदारी को बढ़ावा देने के लिए उठाया गया है. इस बात का ऐलान करते समय उन्होंने पहली बार अपनी पत्नी का सार्वजनिक तौर पर परिचय कराया. 25 अगस्त को उन्होंने जन सुराज महिला संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया था.